झुंझुनू, 17 मार्च।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो राजस्थान (एसीबी) झुंझुनू चौकी की टीम ने जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र में महाप्रबंधक के सहायक नीरज कुमार को 2500 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपित ने यह राशि केंद्र सरकार की एक महत्वपूर्ण योजना के तहत लोन आवेदन स्वीकृत कराने के लिए मांगी थी।
एसीबी सूत्रों के अनुसार, परिवादी ने प्रधानमंत्री युवा उद्यम प्रोत्साहन योजना के तहत स्वरोजगार के लिए लोन आवेदन केंद्र में जमा करवाया था। आवेदन को मंजूर करवाने और फाइल को आगे बढ़ाने की एवज में नीरज कुमार ने परिवादी से सुविधा शुल्क के रूप में रिश्वत की मांग की। बार-बार चक्कर काटने और अधिकारी द्वारा परेशान किए जाने के बाद परिवादी ने एसीबी में शिकायत दर्ज करवाई।
एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरेंद्र पूनिया ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद टीम ने गोपनीय तरीके से सत्यापन किया। सत्यापन में रिश्वत मांगने की पुष्टि होने पर ट्रैप की योजना बनाई गई।
उद्योग केंद्र परिसर में इन दिनों एक जिला एक उत्पाद की प्रदर्शनी चल रही थी, जिससे वहां काफी चहल-पहल थी। इसी भीड़भाड़ और सरकारी कार्यक्रम के बीच आरोपी नीरज कुमार ने अपने कार्यालय में परिवादी से 2500 रुपये की नगद राशि ली, तभी एसीबी टीम ने उसे पकड़ लिया।
यह कार्रवाई एसीबी के उप पुलिस अधीक्षक शब्बीर खान और उनकी टीम ने अंजाम दी। फिलहाल आरोपित के पास मौजूद फाइलों की जांच की जा रही है।












