नई दिल्ली, 06 अप्रैल।
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच कच्चे तेल के दाम लगातार उछाल पर हैं, जिसका असर सीधे आम जनता की जेब पर पड़ रहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोमवार को क्रूड ऑयल का भाव 115 डॉलर प्रति बैरल के पार चला गया।
ब्रेंट क्रूड वायदा भाव कारोबार के दौरान 1.71 डॉलर यानी 1.6 प्रतिशत बढ़कर 110.74 डॉलर प्रति बैरल पहुंच गया, जबकि वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड का भाव 115 डॉलर से ऊपर गया। एचएसबीसी की रिपोर्ट पहले ही चेतावनी दे चुकी थी कि यदि लंबे समय तक तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर रहती हैं, तो महंगाई दर 6 प्रतिशत से अधिक बढ़ सकती है, जिससे दैनिक जीवन के खर्च, बिजली, ट्रांसपोर्ट और खाने-पीने की चीजों पर भारी असर पड़ेगा।
कच्चे तेल की कीमतों में यह तेजी मध्य-पूर्व के प्रमुख तेल उत्पादक क्षेत्रों में शिपिंग और आपूर्ति में रुकावटों के कारण आई है, जो अमेरिका और इजराइल के ईरान के साथ जारी संघर्ष का परिणाम है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नई धमकी के बाद ईरान को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ खोलने का अल्टीमेटम मिलने के बाद कीमतों में यह उछाल देखा गया है।


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