खैरागढ़, 06 जून।
छुईखदान थाना में पदस्थ प्रधान आरक्षक शीतल यादव की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। उनका शव शनिवार तड़के खैरागढ़ के दाऊचौरा स्थित उनके निजी आवास में फांसी के फंदे पर झूलता हुआ मिला। इस हृदयविदारक घटना के बाद से पूरे पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
परिजनों ने बताया कि शुक्रवार की रात सब कुछ सामान्य था। शीतल यादव हॉल में थे, जबकि परिवार के अन्य सदस्य अपने-अपने कमरों में सोने चले गए थे। शनिवार सुबह लगभग चार बजे जब पत्नी की आंख खुली, तो उन्होंने पति को गमछे के सहारे फंदे से लटका देखा। उनकी चीख-पुकार सुनकर पड़ोसी एकत्र हुए और तत्काल पुलिस को सूचित किया गया।
सूचना मिलते ही खैरागढ़ पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और शव को फंदे से नीचे उतरवाया। घटना की गंभीरता को देखते हुए दुर्ग से फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीम बुलाई गई है। फॉरेंसिक जांच के उपरांत शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जाएगा। फिलहाल पुलिस इसे आत्महत्या का मामला मानकर चल रही है।
मौके से कोई भी सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, जिससे खुदकुशी के पीछे के कारणों पर सस्पेंस बना हुआ है। पुलिस हर एक बिंदु पर बारीकी से जांच कर रही है। आरक्षक के परिजनों, विभागीय सहकर्मियों और परिचितों से पूछताछ की जा रही है ताकि मामले की तह तक पहुंचा जा सके।








