नई दिल्ली, 19 जून।
साइबर ठगी के मामलों में पीड़ितों को त्वरित राहत देने के लिए मध्य रेंज पुलिस ने मनी रिस्टोरेशन मॉड्यूल (एमआरएम) के तहत महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है।
इस व्यवस्था के तहत अब तक 34 मामलों में साइबर ठगी के शिकार लोगों को कुल 3,59,178 रुपये की राशि वापस दिलाई गई है। यह प्रक्रिया भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (आई4सी) के सहयोग से संचालित की जा रही है।
पुलिस के अनुसार एमआरएम प्रणाली का उद्देश्य बैंकिंग हस्तक्षेप के जरिए सुरक्षित की गई राशि को तय प्रक्रिया के तहत पीड़ितों तक शीघ्र पहुंचाना है।
पिछले सप्ताह तक प्राप्त 70 मामलों में से 34 मामलों में दस्तावेज सत्यापन और औपचारिकताएं पूरी कर राशि बहाल की गई, जबकि कुछ मामलों में शिकायतकर्ता के थाने न पहुंचने के कारण प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी।
राशि वापस पाने के लिए शिकायतकर्ता को आवश्यक दस्तावेजों के साथ थाने में उपस्थित होना होता है, जहां पहचान सत्यापन और औपचारिक प्रक्रिया पूरी की जाती है।
पुलिस ने बताया कि एमआरएम मामलों की निगरानी के लिए विशेष कर्मचारी की तैनाती की गई है, जिससे पीड़ितों को तेजी से राहत मिल सके।
अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि साइबर ठगी होने पर तुरंत हेल्पलाइन 1930 या साइबर अपराध पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।

















