नई दिल्ली, 19 जून।
विश्व सिकल सेल जागरूकता दिवस के मौके पर केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने देश की जनता से एक बड़े संकल्प को दोहराने का आह्वान किया है। उन्होंने देशवासियों से अपील की कि एक सेहतमंद और हर वर्ग के लिए समान अधिकार वाले भारत के सपने को सच करने की दिशा में सब मिलकर आगे बढ़ें। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के माध्यम से सभी नागरिकों को इस विशेष दिवस की बधाई दी और बताया कि राष्ट्रीय सिकल सेल एनीमिया उन्मूलन मिशन सही दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
स्वास्थ्य मंत्री ने मिशन के तहत अब तक हासिल हुए महत्वपूर्ण आंकड़ों को देश के सामने रखा। उनके अनुसार, इस अभियान के तहत देश भर में अब तक 7.19 करोड़ से ज्यादा नागरिकों की स्वास्थ्य जांच पूरी की जा चुकी है। इस व्यापक जांच अभियान के दौरान 20.26 लाख से अधिक ऐसे लोगों की पहचान की गई है जो इस बीमारी के वाहक (कैरियर्स) हैं। इसके अतिरिक्त, 2.46 लाख मरीजों में मुख्य रूप से सिकल सेल रोग के लक्षण पाए गए हैं और उनके बेहतर इलाज के लिए अब तक करीब 4.82 करोड़ विशेष सिकल सेल कार्ड भी बांटे जा चुके हैं।
नड्डा ने कहा कि यह बड़ी सफलता और आंकड़े हमारे सामूहिक प्रयासों का ही नतीजा हैं। इस मुहिम का सबसे बड़ा फायदा देश की आदिवासी आबादी और समाज के सबसे पिछड़े व कमजोर तबकों को मिल रहा है। सही समय पर बीमारी का पता लगाने, फौरन इलाज शुरू करने, जेनेटिक काउंसलिंग देने और हर नागरिक तक व्यापक स्तर पर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के लिए सरकार पूरी ताकत से काम कर रही है।
केंद्रीय मंत्री ने इस बात पर विशेष बल दिया कि सरकार इस गंभीर बीमारी के प्रति समाज में जागरूकता का दायरा बढ़ाने और पीड़ितों को बेहतरीन चिकित्सा सुविधाएं मुहैया कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े सभी जिम्मेदार लोगों और संगठनों से इस महाभियान का हिस्सा बनने का अनुरोध किया। उन्होंने उम्मीद जताई कि साल 2047 तक इस बीमारी का उन्मूलन कर इसे एक जन स्वास्थ्य चुनौती के रूप में पूरी तरह खत्म करने के लक्ष्य को हम सब मिलकर जरूर हासिल करेंगे।












