फॉक्सबोरो, 20 जून।
फीफा विश्व कप 2026 के ग्रुप चरण में शनिवार को एक बड़ा उलटफेर और रोमांचक मुकाबला देखने को मिला। मोरक्को की राष्ट्रीय टीम ने मैदान पर उत्कृष्ट फुटबॉल का प्रदर्शन करते हुए स्कॉटलैंड को 1-0 के मामूली अंतर से शिकस्त दी। इस जीत के साथ ही मोरक्को ने टूर्नामेंट में अपनी पहली स्वर्णिम सफलता का स्वाद चखा और अगले नॉकआउट चरण की तरफ मजबूती से कदम बढ़ा दिए। मुकाबले का इकलौता और मैच जिताऊ गोल मोरक्को के फॉरवर्ड इस्माइल साइबारी ने मैच शुरू होने के महज 71 सेकंड के भीतर ही दाग दिया। यह धमाकेदार गोल चालू विश्व कप फुटबॉल का अब तक का सबसे तेज गोल भी दर्ज हो गया है।
मोरक्को के फुटबॉल इतिहास के लिहाज से यह ऐतिहासिक जीत बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। टीम अब टूर्नामेंट के दो मुकाबलों से महत्वपूर्ण चार अंक बटोरकर ग्रुप-सी की अंक तालिका में बेहद मजबूत स्थिति में आ गई है, जिससे उसकी अंतिम-32 (नॉकआउट) में पहुंचने की राह काफी आसान दिखाई दे रही है।
शानदार फॉर्म में चल रहे 25 वर्षीय स्टार खिलाड़ी इस्माइल साइबारी ने इससे पिछले कड़े मुकाबले में पांच बार की चैंपियन ब्राजील के विरुद्ध भी अपनी टीम के लिए गोल दागा था। इस बार उन्होंने मैच के बिल्कुल शुरुआती मिनट में मिले एक बेहतरीन पास को बेहद कलात्मक ढंग से गोल पोस्ट के भीतर धकेलकर विपक्षी टीम स्कॉटलैंड को मैच की शुरुआत में ही करारा झटका दे दिया। खेल गलियारों में यह चर्चा भी जोरों पर है कि शानदार खेल दिखा रहे साइबारी बहुत जल्द डच फुटबॉल क्लब पीएसवी आइंडहोवन को छोड़कर जर्मनी के दिग्गज फुटबॉल क्लब बायर्न म्यूनिख में एक रिकॉर्ड ट्रांसफर फीस के साथ शामिल हो सकते हैं।
पूरे 90 मिनट के खेल के दौरान मोरक्को के खिलाड़ियों ने फुटबॉल पर अपना नियंत्रण और दबदबा बनाए रखा और गोल करने के कई शानदार अवसर सृजित किए, लेकिन टीम अपनी इस शुरुआती बढ़त को किसी बड़े अंतर में बदलने से चूक गई। मैच के पहले हाफ के दौरान बिलाल एल खन्नूस को गोल करने का एक सुनहरा मौका मिला था, जिसे वे भुनाने में नाकाम रहे।
हाफ टाइम के बाद भी मोरक्को ने स्कॉटलैंड के डिफेंस पर अपना लगातार दबाव बनाए रखा। मैच के 50वें मिनट में स्टार खिलाड़ी साइबारी का एक और जोरदार शॉट गोल पोस्ट के ऊपरी क्रॉसबार से टकराकर वापस आ गया, जिससे वे अपना दूसरा गोल करने से चूक गए। इसके कुछ ही मिनटों बाद स्कॉटलैंड के सतर्क गोलकीपर एंगस गन ने एक बेहतरीन डाइव लगाकर शानदार बचाव किया और अपनी टीम को मैच में दूसरा गोल खाने से बचा लिया।
दूसरी ओर, स्कॉटलैंड के खिलाड़ी पूरे मैच के दौरान अपनी चिर-परिचित आक्रामक शैली का प्रदर्शन नहीं कर सके और मोरक्को के मुस्तैद गोलकीपर यासीन बूनू के सामने कोई बड़ी चुनौती खड़ी करने में पूरी तरह नाकाम रहे। मैच के अंतिम क्षणों में रयान क्रिस्टी और स्कॉट मैकटोमिने ने कुछ अच्छे प्रयास जरूर किए, लेकिन वे स्कोर बराबर करने वाला गोल दागने में पूरी तरह असफल रहे।
इस करारी हार के बाद अब स्कॉटलैंड को टूर्नामेंट के अगले अहम मुकाबले में शक्तिशाली ब्राजील के खिलाफ हर हाल में जीत दर्ज करनी होगी, ताकि वे नॉकआउट की अपनी धुंधली उम्मीदों को जिंदा रख सकें। वहीं दूसरी तरफ, बुलंद हौसलों के साथ मोरक्को की टीम अपने अगले मैच में हैती की चुनौती का सामना करने मैदान में उतरेगी।










