कोलकाता, 22 जून।
पश्चिम बंगाल की नवनिर्वाचित भाजपा सरकार ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के मार्गदर्शन में अपना पहला पूर्ण बजट पेश कर दिया है। वित्त मंत्री स्वप्न दासगुप्ता द्वारा प्रस्तुत इस वित्तीय दस्तावेज के जरिए राज्य सरकार ने प्रदेश की दिशा और दशा बदलने के लिए कई महत्वाकांक्षी घोषणाएं की हैं। भर्ती प्रक्रिया को गति देते हुए 1 लाख सरकारी पदों और 20,000 पुलिसकर्मियों की बहाली का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही, सरकारी नौकरियों में महिलाओं के लिए 33% आरक्षण सुनिश्चित किया गया है।
आर्थिक मोर्चे पर राहत देते हुए महंगाई भत्ते में 20% की ऐतिहासिक वृद्धि की गई है। 'अन्नपूर्णा योजना' के माध्यम से महिलाओं को प्रति माह ₹3,000 देने के लिए ₹36,000 करोड़ का प्रावधान रखा गया है। वहीं, मदरसा शिक्षा बजट में कटौती कर उसे ₹2,165 करोड़ कर दिया गया है। उत्तर बंगाल को आईआईटी और आईआईएम जैसे संस्थानों की सौगात दी गई है। विधायक निधि को ₹1 करोड़ करने और सिविक पुलिस का मानदेय बढ़ाने के साथ ही इस बार बजट दस्तावेजों को जूट की पारंपरिक फाइलों में पेश कर अपनी संस्कृति को भी सम्मान दिया गया है।













