मुंबई, 27 जून।
महाराष्ट्र सरकार ने पेपर लीक की आशंका के चलते रविवार को आयोजित होने वाली शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) 2026 स्थगित कर दी है। राज्यभर के 1,728 परीक्षा केंद्रों पर होने वाली इस परीक्षा में लगभग छह लाख अभ्यर्थियों के शामिल होने की उम्मीद थी। सरकार ने कहा कि परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता बनाए रखने के उद्देश्य से यह निर्णय लिया गया है।
बताया गया कि ठाणे जिले के भिवंडी में पुलिस की जांच और तलाशी के दौरान कुछ लोगों के पास ऐसे प्रश्न मिले, जो टीईटी के प्रश्नपत्र से मेल खाते पाए गए। इसके बाद महाराष्ट्र राज्य परीक्षा परिषद के अधिकारियों को मौके पर बुलाकर दस्तावेजों का सत्यापन कराया गया। जांच में कुछ प्रश्न समान पाए जाने पर भिवंडी थाने में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई।
महाराष्ट्र राज्य परीक्षा परिषद की उप आयुक्त प्रिया शिंदे ने बताया कि इस स्तर की परीक्षा आयोजित करने की प्रक्रिया में लगभग तीन सप्ताह का समय लगता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन अभ्यर्थियों ने पहले से पंजीकरण कराया है, उन्हें दोबारा आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी। अभ्यर्थियों से किसी प्रकार का पुनः पंजीकरण शुल्क भी नहीं लिया जाएगा। परीक्षा की नई तिथि और अन्य जानकारी परिषद की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी की जाएगी।
इस मामले में तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है और पुलिस आगे की जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, विपक्ष ने कथित पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए सरकार पर सवाल उठाए हैं। दूसरी ओर उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने आरोपितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कहते हुए उन पर महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम (मकोका) के तहत कार्रवाई करने की मांग की है।














