कोरबा, 27 जून।
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले से दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। यहाँ उरगा थाना क्षेत्र के चीतापाली गांव में बीती रात जमीन बंटवारे को लेकर खूनी संघर्ष हो गया। जायदाद के लालच में एक कलयुगी दिव्यांग बेटे ने अपनी ही जन्म देने वाली मां की लाठी से पीट-पीटकर बेरहमी से हत्या कर दी।
सिरफिरे बेटे का गुस्सा यहीं नहीं रुका, उसने अपने बुजुर्ग पिता पर भी जानलेवा हमला कर लहूलुहान कर दिया। इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी रात के अंधेरे में ही फरार हो गया। पूरी रात बुजुर्ग महिला की लाश घर के भीतर ही पड़ी रही।
शनिवार की सुबह जैसे ही इस खौफनाक घटना की जानकारी उरगा थाना प्रभारी को मिली, वे पुलिस बल के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू की। अधिकारियों के निर्देश पर त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने आरोपी रामकुमार यादव (32 वर्ष) की घेराबंदी की और उसे पास के गांव अंजोरीपाली से दबोच लिया।
पुलिस ने मृतका जानकुंवर यादव के शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया है। हमले में गंभीर रूप से घायल पिता श्याम लाल यादव का इलाज जारी है। गांव में इस वारदात के बाद से दहशत और मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।
मली जानकारी के मुताबिक चीतापाली निवासी श्याम लाल यादव (72 वर्ष) के दो बेटे हैं। बड़ा बेटा अपने परिवार के साथ कोरबा में पृथक रहता है। छोटा बेटा रामकुमार दिव्यांग होने के कारण माता-पिता के साथ ही रहता था और चलने के लिए लाठी का उपयोग करता था। वह काफी समय से पैतृक संपत्ति के बंटवारे का दबाव बना रहा था, पर माता-पिता इसके लिए तैयार नहीं थे।
शुक्रवार की रात करीब 9 से 10 बजे के मध्य इसी बात को लेकर घर में एक बार फिर विवाद बढ़ गया। तैश में आकर रामकुमार ने अपनी लाठी से 70 वर्षीय मां के सिर पर जोरदार प्रहार कर दिया, जिससे मौके पर ही उनकी सांसें थम गईं। पिता ने बीच-बचाव की कोशिश की तो आरोपी ने उन पर भी ताबड़तोड़ वार किए, जिससे उनका पैर टूट गया और शरीर पर गहरे जख्म आए हैं।
शुरुआती पड़ताल में यह बात भी उजागर हुई है कि आरोपी पहले भी अपने माता-पिता के साथ मारपीट की घटनाओं को अंजाम दे चुका था। पुलिस ने इस घिनौने अपराध को लेकर हत्या और जानलेवा हमले सहित विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।













