राजौरी, 27 जून।
जम्मू-कश्मीर के राजौरी जिले में आतंकवाद के खात्मे के लिए सुरक्षा बलों का संकल्प अडिग है। गंभीर मुगलन इलाके के दुर्गम दोरिमाल जंगलों में चलाया जा रहा 'शेरावली अभियान' शनिवार को अपने 36वें दिन में प्रवेश कर गया। जम्मू-कश्मीर पुलिस के नेतृत्व में भारतीय सेना और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने इस संयुक्त ऑपरेशन को एक बड़ी मुहिम का रूप दिया है।
खतरनाक पहाड़ियों और घने जंगलों के बीच सुरक्षा बल हर उस ठिकाने को खंगाल रहे हैं, जहाँ आतंकियों के छिपने की आशंका है। मई माह के अंत से शुरू हुई यह व्यापक तलाशी मुहिम आतंकियों को ढूंढ निकालने और उन्हें पूरी तरह बेअसर करने के लक्ष्य के साथ चल रही है।
अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा बलों की चौकसी अभूतपूर्व है। सभी एजेंसियां आपसी तालमेल के साथ चप्पे-चप्पे पर अपनी पैनी नजर रखे हुए हैं ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। पूरे क्षेत्र में सुरक्षा चक्र को और अधिक सख्त बना दिया गया है।
जवानों का यह सघन अभियान तब तक जारी रहेगा जब तक कि इस पूरे दुर्गम इलाके को आतंकवाद के साये से पूरी तरह मुक्त न करा लिया जाए। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि अभियान के हर लक्ष्य को प्राप्त करने तक सुरक्षा बलों का यह दबदबा कायम रहेगा।













