फरीदाबाद, 11 जुलाई।
केएमपी एक्सप्रेसवे पर गौ-तस्करों से लोहा लेते हुए अपने प्राणों की आहुति देने वाले सब-इंस्पेक्टर मुकेश फौगाट पंचतत्व में विलीन हो गए। शनिवार को उनके पैतृक गांव फतेहपुर बिल्लौच में पूरे राजकीय सम्मान के साथ उनकी अंत्येष्टि की गई।
शहीद एसआई को पुलिस गार्द ने सलामी दी। इस भावुक अवसर पर नूंह के एसपी अर्पित जैन विशेष रूप से मौजूद रहे। उनके पुत्र मन्नू ने जब पिता को मुखाग्नि दी, तो वहां उपस्थित कई गांवों के लोगों की आंखें नम हो गईं।
राम सिंह के बेटे मुकेश फौगाट ने करीब 35 वर्षों तक हरियाणा पुलिस में अपनी सेवाएं दीं। वे 28 अक्टूबर 1991 को पुलिस बल में शामिल हुए थे। वर्तमान में वे नूंह जिले के पुन्हाना सीआईए में अपनी सेवाएं दे रहे थे।
उनकी सेवानिवृत्ति में केवल तीन वर्ष शेष रह गए थे। उनके इस सर्वोच्च बलिदान से पुलिस महकमे और उनके परिवार में गहरा शोक व्याप्त है।
गौ-तस्करों के खिलाफ हुई इस पूरी कार्रवाई में पुलिस टीम 15 गोवंश को सुरक्षित मुक्त कराने में भी सफल रही है।










