हमारे यहां हवन करते हाथ जलने की कहावत तो सबने सुनी है, लेकिन इसे चरितार्थ होते मध्यप्रदेश में देखने को मिला।
पिछले दिनों कुछ स्थानीय स्कूली बच्चों का आग्रह था कि प्रदेश के मुखिया उनके स्कूल में पधारें। भावनाओं में बहकर एक सीधी भर्ती के साहब ने बच्चों की खुशी के लिए उन्हें आगे कर मुखिया जी को रोकने का दुस्साहस कर लिया। बाद में उनके साथ जो हुआ, उसे ही कहते हैं हवन करते हाथ जलना।













