मोरीगांव, 27 जुलाई।
असम के पूर्वोत्तर हिस्से में बाढ़ के हालात में भले ही आंशिक सुधार दर्ज किया गया हो, लेकिन कुदरत की इस मार का भयानक असर मूक वन्यजीवों पर बदस्तूर जारी है। इसी क्रम में आज सुबह पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य के तमुलीडोवा क्षेत्र से एक पूर्ण विकसित एक-सींग वाले गैंडे का शव मिलने से वन विभाग में हड़कंप मच गया है।
वन विभाग से प्राप्त शुरुआती जानकारियों के अनुसार, इस विशालकाय जीव की जान किसी शिकारी के हमले से नहीं गई है। प्रांतीय प्राथमिक जांच-पड़ताल में यह अंदेशा जताया जा रहा है कि बीमारी या फिर बाढ़ के उफनते पानी के बीच लंबे समय तक संघर्ष करने के कारण उपजी अत्यधिक कमजोरी इस मौत की मुख्य वजह बनी है।
सबसे राहत की बात यह रही कि मृत पाए गए गैंडे का सींग पूरी तरह से सुरक्षित हालत में बरामद कर लिया गया है। पोबितोरा रेंज के वन परिक्षेत्र अधिकारी उज्ज्वल चौधरी ने इस बात की आधिकारिक पुष्टि करते हुए बताया कि अमूल्य सींग को महकमे ने अपने सुरक्षित कब्जे में ले लिया है और मौत की असली वजह जानने के वास्ते पोस्टमार्टम कराया जा रहा है।
भयंकर बाढ़ के इस आपदा काल को देखते हुए वन प्रशासन ने अभयारण्य के चप्पे-चप्पे पर वन्यजीवों की पुख्ता हिफाजत के लिए चौकसी बढ़ा दी है।

















