मुंबई, 28 जुलाई।
हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता देव आनंद के बेटे और अभिनेता-निर्देशक सुनील आनंद का 70 वर्ष की आयु में निधन हो गया। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्हें दिल का दौरा पड़ा था, जिसके बाद लंदन के एक अस्पताल में उन्होंने अंतिम सांस ली।
बताया जा रहा है कि इसी अस्पताल में पहले उनके पिता देव आनंद का भी निधन हुआ था। परिवार ने आधिकारिक बयान जारी कर सुनील आनंद के निधन की पुष्टि की है। उनके निधन की खबर सामने आने के बाद फिल्म जगत और प्रशंसकों में शोक की लहर है। सोशल मीडिया पर भी लोग उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।
सुनील आनंद की भतीजी जीना नारंग ने परिवार की ओर से जारी बयान में कहा कि इस कठिन समय में मिले स्नेह, संवेदनाओं और प्रार्थनाओं के लिए परिवार सभी का आभारी है। उन्होंने लोगों से परिवार की निजता का सम्मान करने की अपील की, ताकि सभी सदस्य इस दुख की घड़ी का सामना एकजुट होकर कर सकें। परिवार ने शुभचिंतकों के सहयोग और समर्थन के लिए भी आभार व्यक्त किया।
सुनील आनंद, देव आनंद और कल्पना कार्तिक के इकलौते पुत्र थे। उन्होंने वर्ष 1984 में अपने पिता के निर्देशन में बनी फिल्म 'आनंद और आनंद' से बॉलीवुड में अभिनय की शुरुआत की थी। इसके बाद वह 'मैं तेरे लिए' और 'कार थीफ' जैसी फिल्मों में दिखाई दिए। हालांकि, उन्हें अपने पिता जैसी सफलता नहीं मिल सकी। बाद में उन्होंने अभिनय से दूरी बनाकर पारिवारिक बैनर नवकेतन फिल्म्स की जिम्मेदारी संभाली और अपने पिता की सिनेमाई विरासत को आगे बढ़ाने का प्रयास किया।


















