कोलकाता, 1 अगस्त।
पश्चिम बंगाल में शनिवार से 16वीं जनगणना की प्रक्रिया शुरू हो गई। इस बार पहली बार लोगों को डिजिटल स्व-गणना की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने नवान्न में ऑनलाइन माध्यम से अपना स्व-गणना प्रपत्र भरकर अभियान का शुभारंभ किया। उन्होंने लोगों से इसमें सक्रिय भागीदारी करने की अपील की और भरोसा दिलाया कि सभी की निजी जानकारी पूरी तरह सुरक्षित रहेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह जनगणना दो वजहों से खास है। पहली बार पूरी व्यवस्था डिजिटल माध्यम पर आधारित है और नागरिक स्वयं भी ऑनलाइन अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं। उन्होंने अधिक से अधिक लोगों से स्व-गणना करने और जनगणना कर्मियों को सहयोग देने का आग्रह किया।
ऑनलाइन स्व-गणना का पहला चरण 15 अगस्त तक जारी रहेगा। जनगणना पोर्टल के माध्यम से करीब 10 मिनट में प्रपत्र भरा जा सकता है। इस प्रक्रिया में आवेदकों को आवास और परिवार से जुड़े कुल 34 प्रश्नों के उत्तर देने होंगे।
इसके बाद 16 अगस्त से 14 सितंबर तक दूसरा चरण शुरू होगा। इस दौरान नियुक्त सरकारी कर्मचारी घर-घर पहुंचकर जानकारी एकत्र करेंगे। इसके बाद जनसंख्या से जुड़े दूसरे चरण के आंकड़े, जिनमें लिंग सहित अन्य विवरण शामिल होंगे, 28 फरवरी 2027 तक संकलित किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस अभियान के लिए राज्य में 3,400 सुपरवाइजर तैनात किए गए हैं। इसके अलावा कुल 14,399 कर्मचारी जनगणना कार्य में लगाए गए हैं। उन्होंने कहा कि आधुनिक डिजिटल व्यवस्था विकसित भारत और जनकल्याण के लक्ष्य को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। साथ ही उन्होंने दोहराया कि नागरिकों की व्यक्तिगत जानकारी पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।















