कहते हैं सरकारी नौकरी में मौका कभी बता कर नहीं आता। लंबे समय से दूरस्थ जिले में पदस्थ साहब महत्वपूर्ण कुर्सी की बाट जोह रहे थे। इंतजार इतना लंबा हुआ कि उम्मीद भी जवाब देने लगी थी। अचानक किस्मत ने करवट ली और मलाईदार विभाग में मनचाही पोस्टिंग मिल गई।
साहब ने विभाग संभालते ही अगली पारी की तैयारी भी शुरू कर दी। रिटायरमेंट करीब है, इसलिए अब एक्सटेंशन की जुगाड़ भी साथ-साथ चल रही है। यानी जाते-जाते मौका मिला है तो साहब भी इसे हाथ से जाने देने के मूड में नहीं हैं।















