तबादलों के दौर में एक जिले में नए अधिकारी की पोस्टिंग हुई। साहब ने सोचा, जिले के मुखिया से शिष्टाचार भेंट कर ली जाए। अधिकारी पहुंच गए, लेकिन हाथ खाली था। जिले के मुखिया को यह बात कुछ नागवार गुजरी। उन्होंने अधिकारी को बाकायदा परंपराओं का ज्ञान कराया और समझाया कि बड़े साहब से मिलने जाएं तो खाली हाथ जाना उचित नहीं।
अब जिले के गलियारों में चर्चा है कि यहां फाइलों के साथ-साथ मुलाकातों के भी कुछ अनकहे नियम हैं।















