दुर्गापुर, 13 अगस्त।
पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर में नाबालिग स्कूली छात्रों को पैसे देकर उनसे रक्त लेने के मामले में पुलिस ने ओडिशा से एक कॉलेज छात्र को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार छात्र मामले में शामिल गिरोह के प्रमुख सदस्यों में से एक है। उसे बुधवार रात ओडिशा से पकड़कर दुर्गापुर लाया गया। इस मामले में अब तक चार लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
गिरफ्तार छात्र दुर्गापुर के आड़ा शिवतला इलाके के पास स्थित एक निजी कॉलेज में पढ़ता है। उसका घर न्यू टाउनशिप थाना क्षेत्र के स्टील पार्क इलाके में बताया गया है। पुलिस उसे गुरुवार को दुर्गापुर अनुमंडल अदालत में पेश करेगी।
पुलिस के अनुसार, आरोप है कि गिरोह नाबालिग स्कूली छात्रों को 200 से 300 रुपये देकर उनसे रक्त लेता था। इसके लिए छात्रों के आधार कार्ड में कथित तौर पर उम्र में हेरफेर कर उन्हें वयस्क दिखाया जाता था। पुलिस को संदेह है कि गिरफ्तार कॉलेज छात्र दस्तावेजों में उम्र से जुड़ी इस कथित हेरफेर में शामिल था।
नियमों के मुताबिक, 18 वर्ष से कम उम्र के व्यक्ति रक्तदान नहीं कर सकते। आरोप है कि दुर्गापुर स्टील टाउनशिप के एक स्कूल के कुछ छात्रों से पैसे देकर रक्त लिया जा रहा था। इसके लिए दस्तावेजों में उनकी उम्र बढ़ाकर उन्हें वयस्क बताया जाता था।
मामले की जानकारी मिलने के बाद छात्रों के अभिभावकों ने दुर्गापुर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में स्थानीय एक निजी अस्पताल का नाम भी सामने आया था। इसके बाद आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस आयुक्तालय ने मामले की जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने गिरोह से जुड़े तीन लोगों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस की कार्रवाई शुरू होने के बाद मामले का एक प्रमुख आरोपित फरार हो गया था। उसकी तलाश में पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही थी।
इसी बीच गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने बुधवार रात ओडिशा में दबिश देकर कॉलेज छात्र को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उसे दुर्गापुर लाया गया। पुलिस अब मामले में उसकी भूमिका की पड़ताल कर रही है।
जांच में पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि नाबालिग छात्रों से कितनी बार रक्त लिया गया, पूरे मामले में और कौन-कौन लोग शामिल हैं और कथित तौर पर तैयार किए गए दस्तावेजों का इस्तेमाल कहां और किस उद्देश्य से किया गया। मामले की जांच जारी है।















