कोलकाता, 14 अगस्त।
पश्चिम बंगाल में मानसून का प्रभाव लगातार बना हुआ है और राज्य के ऊपर सक्रिय अवदाब के कारण मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। अलीपुर स्थित क्षेत्रीय मौसम केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक तटीय इलाकों से आगे बढ़ रहे इस सिस्टम के प्रभाव से दक्षिण बंगाल के तमाम जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने का सिलसिला जारी है। कुछ संवेदनशील क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ भारी वर्षा और वज्रपात की चेतावनी भी जारी की गई है।
राजधानी कोलकाता समेत हावड़ा, हुगली और आसपास के इलाकों में भी तेज हवाओं के झोंके चलने और झमाझम फुहारें गिरने की पूरी संभावना जताई गई है। इसके साथ ही उत्तर बंगाल के পাহारी और मैदानी जिलों जैसे दार्जिलिंग, कलिम्पोंग और जलपाईगुड़ी में भी वर्षा का दौर आगामी दिनों तक सक्रिय रहने का अनुमान है, जिससे तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है।
खराब मौसम और तटीय क्षेत्रों में उठने वाले तेज समुद्री तूफानों को ध्यान में रखते हुए मछुआरों को समुद्र में न जाने की सख्त सलाह दी गई है। मौसम विभाग का यह भी कहना है कि आने वाले कुछ दिनों के दौरान इस मौसमी प्रणाली की तीव्रता में धीरे-धीरे बदलाव आ सकता है, जिससे लोगों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।















