आसनसोल, 18 अगस्त।
पश्चिम बंगाल के आसनसोल के रेलपार क्षेत्र में अनवरत मूसलाधार वर्षा के कारण आम जनजीवन पूरी तरह तहस-नहस हो गया है। लगातार गिरे पानी की वजह से बाढ़ जैसे हालात बन गए और जल का स्तर कई घरों के भीतर तक घुस गया, जिससे पानी की गहराई लगभग 5 से 10 फुट तक जा पहुंची।
हालात इस कदर बिगड़ गए कि बहुतेरे परिवारों को विवश होकर अपने आशियानों को छोड़कर ऊपरी मंजिलों तथा छतों पर शरण लेनी पड़ गई। दो और तीन मंजिला मकानों के रहवासियों ने रात का पूरा समय मकानों के ऊपरी हिस्सों में बिताया, और कई लोगों ने अपनी छतों पर ही रात काटी।
इस भारी जलजमाव के कारण घरों के अंदर रखा सामान पूरी तरह खराब हो गया और प्रभावित लोगों के सामने सुरक्षित स्थानों पर जाने का संकट खड़ा हो गया। पानी का स्तर लगातार बढ़ने के बाद कई परिवार अपने घर छोड़कर अन्य सुरक्षित इलाकों की तरफ पलायन करने लगे।
इस भीषण घटना की सूचना मिलते ही आसनसोल नगर निगम के अधिकारियों और जिला प्रशासन के नुमाइंदों ने जलमग्न क्षेत्रों का दौरा किया। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए सिविल डिफेंस की टीम को भी राहत और बचाव कार्यों में तुरंत तैनात कर दिया गया।
बचाव दल ने कई जलमग्न मकानों से फंसे हुए लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। इसके साथ ही प्रभावित परिवारों तक खाद्य सामग्री और अन्य जरूरी राहत पैकेट पहुंचाने का सिलसिला भी शुरू कर दिया गया है। विभिन्न सामाजिक संगठनों एवं राजनीतिक दलों की ओर से भी पीड़ित लोगों की सहायता के लिए सामग्री वितरित की जा रही है।
इस भयंकर जलभराव के चलते स्थानीय नागरिकों में प्रशासन और नगर निगम की लचर व्यवस्था के प्रति गहरा आक्रोश भी देखने को मिला। लोगों ने अविलंब जलनिकासी शुरू करने और राहत कार्यों में तेजी लाने की पुरजोर मांग की है।















