नई दिल्ली, 19 अगस्त।
दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने अफीम तस्करी के मामले में करीब तीन साल से फरार चल रहे घोषित अपराधी को गिरफ्तार किया है। आरोपित की पहचान रोहतक निवासी अमित श्योराण के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, अमित राष्ट्रीय स्तर का पहलवान रह चुका है और हरियाणा व दिल्ली के अखाड़ों में अभ्यास करने वाले पहलवानों तक अफीम पहुंचाता था। झारखंड के रांची स्थित धुर्वा (तुपुदाना) थाने में दर्ज एनडीपीएस एक्ट के मामले में अदालत ने उसे 6 दिसंबर 2023 को भगोड़ा घोषित किया था।
पुलिस अधिकारी के अनुसार, क्राइम ब्रांच की एनआर-2 यूनिट अमित की तकनीकी निगरानी और मुखबिर तंत्र के जरिए लगातार तलाश कर रही थी। 18 अगस्त को टीम को सूचना मिली कि वह रानीबाग-पितमपुरा क्षेत्र में किसी रिश्तेदार से मिलने आएगा और वहां से मधुबन चौक मेट्रो स्टेशन की ओर जाएगा। सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी की और रात करीब 10 बजे पहचान होने के बाद उसे पकड़ लिया। बाद में उसे झारखंड पुलिस के जांच अधिकारी को सौंप दिया गया।
पुलिस के मुताबिक, 20 अप्रैल 2023 को धुर्वा थाना पुलिस ने 492 ग्राम अफीम के साथ झारखंड के खूंटी निवासी राजेश नाग को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में उसने बताया था कि वह अफीम की खेती करता था और उत्तर भारत के पहलवानों को इसकी आपूर्ति करता था। उसने रंजीत और अमित श्योराण के नाम अफीम लेने वालों के रूप में बताए थे। इसके आधार पर धुर्वा थाने में एनडीपीएस एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया गया था।
पूछताछ में अमित ने बताया कि उसने 14 वर्ष की उम्र में गांव के अखाड़े से कुश्ती शुरू की थी। 17 वर्ष की उम्र में वह रोहतक के मेहर सिंह अखाड़े और बाद में छत्रपाल स्टेडियम से जुड़ा। उसके अनुसार, कई पहलवान लंबे समय तक अभ्यास करने के लिए अफीम का सेवन करते थे। इसी दौरान उसकी पहचान रंजीत से हुई, जो दिल्ली समेत अन्य राज्यों के अखाड़ों में अफीम पहुंचाता था।
अमित ने वर्ष 2013 में कन्याकुमारी में आयोजित राष्ट्रीय कैडेट कुश्ती प्रतियोगिता में तीसरा स्थान हासिल किया था। वह रेलवे में नौकरी करना चाहता था, लेकिन आपराधिक मामलों में फंस गया। इसके बाद उसने दिल्ली के सुभाष प्लेस इलाके के बार और पब में बाउंसर का काम किया। पुलिस के अनुसार, रंजीत ने उसे जल्दी पैसा कमाने का लालच देकर तस्करी में शामिल किया। इसके बाद वह रांची से अफीम लाकर दिल्ली और हरियाणा के पहलवानों को सप्लाई करने लगा। पुलिस के अनुसार, अमित के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट, धोखाधड़ी और एनडीपीएस एक्ट समेत छह मामले दर्ज हैं। इनमें रानीबाग, सुभाष प्लेस, कंझावला और दिल्ली क्राइम ब्रांच के मामले शामिल हैं।















