भोपाल, 22 अगस्त।
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के नीलम पार्क में वर्ग-2 माध्यमिक और वर्ग-3 प्राथमिक शिक्षक भर्ती-2025 में पद बढ़ाने की मांग को लेकर अभ्यर्थियों का अनिश्चितकालीन धरना शनिवार को दूसरे दिन भी जारी रहा। प्रदेश के अलग-अलग जिलों से पहुंचे अभ्यर्थियों में कई महिलाएं अपने छोटे बच्चों के साथ आंदोलन में शामिल हैं। कुछ अभ्यर्थियों ने शुक्रवार रात पार्क में ही गुजारी। सीमित सुविधाओं और मच्छरों की परेशानी के बावजूद अभ्यर्थी अपनी मांग पर डटे हुए हैं।
आंदोलन कर रहे अभ्यर्थियों की मांग है कि भर्ती में मौजूद रिक्त पदों को शामिल कर पदों की संख्या बढ़ाई जाए और नए पदों के आधार पर दूसरी काउंसलिंग कराई जाए। उनका कहना है कि लंबे समय तक तैयारी करने के बाद भी पद कम होने की वजह से बड़ी संख्या में योग्य अभ्यर्थियों को चयन का अवसर नहीं मिल पाया।
इंदौर की शिक्षक अभ्यर्थी दीप्ति सिंह ठाकुर अपनी पांच और आठ साल की बेटियों के साथ नीलम पार्क पहुंची हैं। उनका कहना है कि पदवृद्धि की मांग को लेकर यह उनका 13वां आंदोलन है। उन्होंने शुक्रवार रात दोनों बेटियों के साथ धरना स्थल पर ही रात बिताई। दीप्ति के मुताबिक यहां मच्छरों के साथ पानी और शौचालय जैसी सुविधाओं की भी समस्या है। इसके बावजूद वर्षों की तैयारी के बाद शिक्षक भर्ती में अपने अधिकार की मांग को लेकर वह आंदोलन से पीछे हटने को तैयार नहीं हैं।
एक साल के बेटे को साथ लेकर पहुंचीं सरोज
अभ्यर्थी सरोज कुशवाहा अपने एक साल के बेटे माधव के साथ धरने में शामिल हुई हैं। उनके बड़े बच्चे को उन्होंने रिश्तेदार के यहां छोड़ा है। सरोज के अनुसार उन्होंने करीब चार साल तक शिक्षक भर्ती की तैयारी की। 99 परसेंटाइल हासिल करने के बाद भी उनका चयन नहीं हो सका। उनका कहना है कि पर्याप्त पद होते तो चयन की संभावना बन सकती थी। अब वह सरकार से रिक्त पदों को भर्ती में शामिल करने और दूसरी काउंसलिंग कराने की मांग कर रही हैं।
नरेंद्र राजपूत की भूख हड़ताल जारी
अभ्यर्थी नरेंद्र राजपूत ने 21 अगस्त की रात 12 बजे से भूख हड़ताल शुरू की है। शनिवार शाम तक उनके मुताबिक करीब 18 घंटे पूरे हो चुके थे। उन्होंने स्वास्थ्य जांच के लिए डॉक्टर उपलब्ध कराने की मांग भी की है। नरेंद्र का कहना है कि अभ्यर्थी आंदोलन को उग्र नहीं करना चाहते और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांग सरकार तक पहुंचा रहे हैं। उनका कहना है कि पदवृद्धि पर निर्णय होने तक आंदोलन जारी रहेगा।
वर्ग-3 में 25 हजार पद बढ़ाने की मांग
अभ्यर्थियों की प्रमुख मांग वर्ग-3 प्राथमिक शिक्षक भर्ती में कुल 25 हजार पद किए जाने की है। इसके लिए पहले से स्वीकृत पदों के साथ नए रिक्त पद जोड़कर दूसरी काउंसलिंग कराने की मांग की जा रही है। वर्ग-2 माध्यमिक शिक्षक भर्ती में भी प्रत्येक विषय में करीब 3 हजार पद बढ़ाने की मांग है। अभ्यर्थियों का कहना है कि पद बढ़ाकर दोबारा काउंसलिंग कराने से अधिक योग्य उम्मीदवारों को चयन का अवसर मिल सकेगा।
नवंबर 2025 से जारी है आंदोलन
अभ्यर्थियों के अनुसार पदवृद्धि की मांग को लेकर नवंबर 2025 से अलग-अलग चरणों में आंदोलन चल रहे हैं। जनवरी से जुलाई के बीच भोपाल में प्रदर्शन, धरना और भूख हड़ताल के साथ कई अन्य तरीकों से भी विरोध दर्ज कराया गया। अब 21 अगस्त 2026 से नीलम पार्क में अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया गया है। अभ्यर्थियों का कहना है कि सरकार जब तक पद बढ़ाने और दूसरी काउंसलिंग को लेकर स्पष्ट निर्णय नहीं लेती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।















