देहरादून, 22 अगस्त।
उत्तराखंड राज्य में मानसून का दौर लगातार जारी रहने के कारण शनिवार को राजधानी देहरादून समेत कई जिलों में रुक-रुककर झमाझम बारिश हो रही है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है और इस बीच ऋषिकेश तथा हरिद्वार में गंगा नदी के जलस्तर में भी भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मौसम विभाग ने आज राज्य के ग्यारह जिलों में मूसलाधार बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी कर दिया है, जिसके तहत अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम वर्षा होने तथा गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने और कुछ चुनिंदा क्षेत्रों में बहुत तेज बारिश होने की पूरी संभावना जताई गई है। मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक आज देहरादून, टिहरी, चम्पावत, बागेश्वर, पिथौरागढ़, नैनीताल, चमोली, रुद्रप्रयाग, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर और पौड़ी में बारिश का येलो अलर्ट प्रभावी रहेगा, जबकि आगामी तेईस अगस्त को नैनीताल, ऊधमसिंह नगर, पौड़ी, बागेश्वर तथा चौबीस अगस्त को देहरादून, टिहरी, पिथौरागढ़, नैनीताल और बागेश्वर में यह चेतावनी जारी रहेगी और इस दौरान सभी जिलों में कहीं-कहीं आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका है।
आज सुबह जारी किए गए मौसम बुलेटिन के अनुसार बीते चौबीस घंटों के दौरान हरिद्वार में तिरेपन मिलीमीटर, धारचूला में इकतालीस दशमलव दो मिलीमीटर, लोहारखेत और काशीपुर में इकतालीस-इकतालीस मिलीमीटर तथा उत्तरकाशी में छत्तीस मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई है, जबकि लिटी यूकेजी में छप्पन मिलीमीटर, हल्द्वानी यूकेजी में पचपन दशमलव पांच मिलीमीटर और खानपुर में इकतावीस दशमलव पांच मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है। इस लगातार भारी बारिश के कारण प्रदेश के कई प्रमुख मार्गों पर यातायात पूरी तरह से बाधित हो गया है, जिसमें तवाघाट-गुंजी राष्ट्रीय राजमार्ग के कई किलोमीटर क्षेत्र शामिल हैं, तथा देहरादून-मसूरी राज्य मार्ग पर पानीवाला बैंड के पास सड़क धंस जाने के कारण फिलहाल वाहनों की आवाजाही बंद है जिसे दुरुस्त करने का काम तेजी से किया जा रहा है और लंबीधार-किमाड़ी वैकल्पिक मार्ग से ट्रैफिक चलाया जा रहा है।
केंद्रीय जल आयोग की रिपोर्ट के अनुसार शनिवार की सुबह ऋषिकेश और हरिद्वार में गंगा का जलस्तर काफी बढ़ा हुआ पाया गया, जहां ऋषिकेश में जलस्तर तीन सौ उनतालीस दशमलव बारह मीटर और हरिद्वार में दो सौ बानवे दशमलव सत्रह मीटर दर्ज किया गया, जबकि अलकनंदा, मंदाकिनी, भागीरथी और काली नदी का जलस्तर भी उनके चेतावनी स्तर के बेहद करीब पहुंच चुका है और लगातार बढ़ रहा है। हरिद्वार के भीमगोड़ा बैराज में गंगा का जलस्तर दो सौ बानवे दशमलव पंद्रह मीटर रिकॉर्ड किया गया है, तथा रामनगर, श्रीनगर और अन्य बाढ़ पूर्वानुमान स्थलों पर विशेष नजर रखी जा रही है ताकि किसी भी आपात स्थिति से समय रहते निपटा जा सके।















