ढाका, 22 अगस्त।
वरिष्ठ राजनेता मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर ने शुक्रवार को बांग्लादेश के तेइसवें राष्ट्रपति के रूप में आधिकारिक तौर पर पद एवं गोपनीयता की शपथ ग्रहण कर ली है, जहां लंबे समय से सत्तारूढ़ बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी यानी बीएनपी के महासचिव रहे आलमगीर को जातीय संसद के कार्यवाहक अध्यक्ष कैसर कमाल ने बंगभवन के ऐतिहासिक दरबार हॉल में शपथ दिलाई। प्रधानमंत्री तारिक रहमान, विपक्ष के नेता शफीकुर रहमान, पूर्व मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस, कैबिनेट मंत्री और सेना के शीर्ष सैन्य अधिकारी इस शपथ ग्रहण समारोह में गरिमामयी रूप से शामिल हुए।
राष्ट्रपति पद का कार्यभार संभालने के तुरंत बाद आलमगीर ने अपनी नई कैबिनेट में पांच नए सदस्यों को शामिल करते हुए उन्हें पद की शपथ दिलाई, जिसके बाद अब प्रधानमंत्री समेत मंत्रिमंडल में कुल सदस्यों की संख्या पचपन हो गई है। बीएनपी के शमीम कैसर लिंकन और प्रधानमंत्री के विदेश मामलों के सलाहकार हुमायूं कबीर ने राज्य मंत्री के रूप में शपथ ली, जबकि नागरिक उड्डयन और पर्यटन राज्य मंत्री राशिदुज्जमान मिल्लत ने कैबिनेट मंत्री पद की शपथ ग्रहण की।
इस महत्वपूर्ण समारोह से पहले नवनिर्वाचित राष्ट्रपति आलमगीर ने पार्टी संस्थापक जियाउर रहमान और पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की मजार पर जाकर फातिहा पढ़ा, और उन्होंने इस चुनाव में अपने प्रतिद्वंद्वी लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी के अध्यक्ष तथा जमात-ए-इस्लामी के गठबंधन वाले उम्मीदवार कर्नल सेवानिवृत्त ओली अहमद को शिकस्त दी थी। देश में पैंतीस वर्षों के लंबे अंतराल के बाद राष्ट्रपति पद के लिए हुए इस चुनावी मुकाबले में अत्तर वर्ष के आलमगीर ने दो सौ पचपन मत हासिल किए, जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी ओली अहमद को केवल अट्ठासी वोट ही मिल सके।















