रामगढ़, 22 अगस्त।
झारखंड के रामगढ़ जिले के बरकाकाना ओपी क्षेत्र के हेहल स्थित एक सीमेंट प्लांट में शुक्रवार की देर रात एक भीषण धमाका हो गया, जिसकी चपेट में आने से तीन इंजीनियर अपनी जान गंवा बैठे और एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। इस हृदयविदारक हादसे के बाद से ही पूरी फैक्टरी के परिसर में अफरा-तफरी का माहौल कायम हो गया है, जहां सूचना मिलते ही बरकाकाना थाना प्रभारी उमाशंकर वर्मा फौरन घटनास्थल पर पहुंचे और फौरन राहत-बचाव कार्य को गति दी।
शुरुआती तफ्तीश से यह बात सामने आई है कि अत्यधिक तापमान बढ़ जाने की वजह से पावर प्लांट के पूरे सिस्टम पर भारी दबाव पड़ा और उसका प्रोटेक्शन सिस्टम पूरी तरह फेल हो गया, जिसके परिणामस्वरूप टरबाइन के ओवर स्पीड हो जाने की वजह से यह जोरदार ब्लास्ट हुआ। पुलिस विभाग से मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार इस दर्दनाक हादसे में जागेश्वर विहार बोकारो निवासी विनीत महतो, धनबाद के रहने वाले संजीव केसरी और गढ़वा के नगर उटारी क्षेत्र के अभिषेक पांडे की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि हजारीबाग जिले के तरुण रवानी जिंदगी और मौत के बीच जूझते हुए गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। इस भयंकर दुर्घटना के बाद प्लांट के भीतर कार्यरत एक अन्य कर्मचारी अमित कुमार ने प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवालिया निशान खड़े किए हैं, और यह आरोप लगाया है कि पावर प्लांट का कंट्रोल रूम पहले से ही तापमान बढ़ने का लगातार संकेत दे रहा था, जहां एसी खराब होने के कारण काम करना भी बेहद दूभर हो गया था।
कर्मचारियों द्वारा कई मर्तबा इस गंभीर समस्या की जानकारी कंपनी के प्रबंधन को दी गई थी, इसके बावजूद प्रबंधन की तरफ से न तो कोई जरूरी एक्शन लिया गया और न ही वहां कूलिंग की व्यवस्था को दुरुस्त किया गया। इसी लापरवाही से उपजे भारी आक्रोश के चलते शनिवार को स्थानीय लोगों और परिजनों ने रामगढ़-पतरातू मार्ग पर चक्का जाम कर दिया, जहां पुलिस और प्रबंधन के अधिकारी आक्रोशित भीड़ को समझाने और मुआवजे के मुद्दों पर बातचीत करने में जुटे हुए हैं।















