भोपाल, 26 अगस्त।
मध्य प्रदेश में मानसूनी सीजन के दौरान अब तक औसत से लगभग ग्यारह प्रतिशत कम पानी गिरा है, जिससे कुल बारिश का आंकड़ा पच्चीस इंच के करीब पहुंच गया है। मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार पूर्वी क्षेत्र के बाद अब मानसून पश्चिमी और मध्य भागों में अधिक सक्रिय हो गया है जिसके चलते आने वाले दो दिनों तक कई संभागों में तेज बौछारें पड़ने की पूरी संभावना है।
आज भिंड, दतिया और सागर जिलों के लिए मौसम विभाग ने अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी करते हुए ढाई इंच से ज्यादा पानी बरसने की चेतावनी दी है। इसके अलावा ग्वालियर, शिवपुरी और उज्जैन समेत लगभग अठारह जिलों में भारी बारिश का दौर बने रहने के आसार जताए गए हैं।
आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश के चालीस जिलों में औसत से तीन से पचास प्रतिशत तक कम वर्षा दर्ज की गई है, जबकि पंद्रह जिलों में सामान्य से अधिक पानी गिरा है। पूर्वी मध्य प्रदेश में सात और पश्चिमी हिस्से में चौदह प्रतिशत की कमी रिकॉर्ड की गई है जिससे किसानों को अच्छी बारिश का इंतजार है।
नर्मदापुरम, इंदौर और जबलपुर समेत कई अन्य जिलों में भी बादलों की आवाजाही के बीच कहीं हल्की तो कहीं तेज बौछारें गिरने का सिलसिला जारी है। अगले तीन दिनों तक मौसम का यह मिजाज ऐसा ही बने रहने की उम्मीद है क्योंकि राज्य में मानसूनी गतिविधियां लगातार बनी हुई हैं।















