मैहर, 31 अगस्त।
मध्य प्रदेश के मैहर जिले में पुलिस उपमहानिरीक्षक हेमंत चौहान ने सोमवार को पुलिस अधीक्षक कार्यालय में वार्षिक अपराध समीक्षा बैठक लेकर जिले की अपराध नियंत्रण व्यवस्था और विभिन्न स्तरों पर लंबित प्रकरणों की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को मामलों का शीघ्र और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में लंबित शिकायतों के साथ मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, आईटीएसएसओ पोर्टल, एनसीआरपी, सीआईईआर एमआरएम और अन्य महत्वपूर्ण पोर्टलों पर दर्ज लंबित मामलों की स्थिति की जानकारी ली गई। इसके अलावा समन एवं वारंट की तामीली, लंबित अपराध, मर्ग प्रकरण, चालान, जब्त माल और अन्य मामलों की भी बिंदुवार समीक्षा की गई।
डीआईजी ने अधिकारियों को लंबित प्रकरणों के निपटारे में तेजी लाने और कार्रवाई की गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिकायतों और मामलों के निराकरण में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए तथा प्रत्येक प्रकरण में नियमों के अनुसार प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
बैठक के दौरान गुम इंसान और गुमशुदा बालक-बालिकाओं से जुड़े लंबित मामलों की विशेष रूप से समीक्षा की गई। डीआईजी ने संबंधित अधिकारियों को लापता लोगों की शीघ्र तलाश के लिए प्रभावी प्रयास करने और आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कानून-व्यवस्था की स्थिति तथा पुलिस कार्यप्रणाली से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी अधिकारियों को आवश्यक मार्गदर्शन दिया गया।
बैठक में पुलिस अधीक्षक अवधेश प्रताप सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. चंचल नागर, नगर पुलिस अधीक्षक महेंद्र सिंह चौहान, अनुविभागीय पुलिस अधिकारी ख्याति मिश्रा सहित जिले के सभी थाना प्रभारी और विभिन्न पुलिस शाखाओं के प्रमुख उपस्थित रहे।















