कांगपोकपी, 01 सितंबर।
मणिपुर के कांगपोकपी जिले में इम्फाल–तामेंगलोंग रोड के किनारे बसे कई नगा गांवों पर मंगलवार तड़के कथित तौर पर सशस्त्र समूहों ने हमला किया। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, इलाके में सुबह करीब चार बजे से गोलीबारी की आवाजें सुनाई देती रहीं और कई स्थानों पर घरों में आग लगाए जाने की सूचना मिली है।
टापन खुनोउ और टापन कुलेन समेत कई गांवों को कथित तौर पर निशाना बनाया गया। मकुई से करीब आठ किलोमीटर दूर स्थित लियांगमाई नगा गांव पीपुराम में भी आगजनी की घटना सामने आई है।
फिलहाल इस घटना में किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है। संपत्ति को हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है और आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
मकुई विलेज अथॉरिटी ने पीपुराम गांव पर हुए कथित हमले की कड़ी निंदा की है। अथॉरिटी का आरोप है कि सशस्त्र कुकी उग्रवादियों ने सुबह करीब चार बजे गांव पर हमला किया और गोलीबारी के बाद घरों तथा अन्य संपत्तियों को आग के हवाले कर दिया।
अथॉरिटी के अनुसार, आगजनी में कई घर नष्ट हो गए और खाद्यान्न के साथ घरेलू सामान भी जल गए। इसके बाद हमलावरों ने कथित तौर पर मुख्य मकुई नगा गांव की ओर भी गोलीबारी की।
बयान में आरोप लगाया गया कि हमलावरों ने घरों को आग लगाने और ग्रामीणों को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया। मकुई विलेज अथॉरिटी ने इस घटना को लेकर गंभीर चिंता जताई है।
अथॉरिटी ने 27 अगस्त की एक अन्य घटना का भी उल्लेख किया, जिसमें उसके अनुसार मकुई आशांग और थानाम्बा गांव के बीच घात लगाकर किए गए हमले में मकुई के चार ग्रामीणों की मौत हो गई थी।
अथॉरिटी का आरोप है कि इम्फाल–तामेंगलोंग रोड के किनारे स्थित लियांगमाई नगा बस्तियों में हिंसा की घटनाएं लगातार हो रही हैं। उसके अनुसार, इन घटनाओं के पीछे लियांगमाई नगा लोगों को उनके क्षेत्रों से विस्थापित कर उनकी पैतृक भूमि पर नियंत्रण स्थापित करने का उद्देश्य है।
हालांकि, हमले और लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से तत्काल पुष्टि नहीं हो सकी है। सुरक्षा व्यवस्था, आगजनी से हुए नुकसान और संभावित हताहतों को लेकर आधिकारिक जानकारी की प्रतीक्षा की जा रही है।















