भोपाल, 02 सितंबर।
मध्य प्रदेश के दतिया जिले के इंदरगढ़ स्थित अनुसूचित जाति सीनियर बालक छात्रावास के अधीक्षक डॉ. डी.आर. राहुल को पदीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही और वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों की अवहेलना के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही छात्रावास में व्यवस्थाएं बेहतर बनाने के लिए कलेक्टर ने आवश्यक निर्देश जारी किए हैं।
जिला प्रशासन के अनुसार, इंदरगढ़ तहसीलदार ने अनुसूचित जाति सीनियर बालक छात्रावास का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के बाद प्रस्तुत प्रतिवेदन के आधार पर कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने आदेश जारी करते हुए छात्रावास अधीक्षक डॉ. डी.आर. राहुल को मध्य प्रदेश सिविल सेवा अपील, नियंत्रण एवं वर्गीकरण नियम-1966 के नियम 9 के तहत निलंबित कर दिया।
निलंबन अवधि के दौरान डॉ. राहुल का मुख्यालय जनजातीय कार्य विभाग, दतिया कार्यालय निर्धारित किया गया है। प्रशासन ने छात्रावास में रहने वाले विद्यार्थियों के हितों को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए भी निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने कहा है कि विद्यार्थियों को निर्धारित मीनू और मानकों के अनुसार गुणवत्तापूर्ण, ताजा एवं पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराया जाए। भोजन की मात्रा और गुणवत्ता की नियमित जांच सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
छात्रावास परिसर, कमरों, रसोईघर, शौचालय और स्नानागार की नियमित साफ-सफाई के साथ स्वच्छ पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था करने को कहा गया है। विद्यार्थियों का समय-समय पर स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाएगा और बीमार छात्रों को तत्काल आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।
छात्रावास में सभी विद्यार्थियों की दैनिक उपस्थिति का व्यवस्थित रिकॉर्ड रखने तथा किसी छात्र की अनधिकृत अनुपस्थिति की स्थिति में तत्काल अभिभावकों और वरिष्ठ अधिकारियों को सूचना देने के निर्देश दिए गए हैं।
संबंधित अधिकारियों को छात्रावास का नियमित और आकस्मिक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का भौतिक सत्यापन करने तथा सामने आने वाली कमियों को तुरंत दूर करने के लिए कहा गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही, अनियमितता या विद्यार्थियों के हितों की उपेक्षा मिलने पर संबंधित अधिकारी अथवा कर्मचारी की जिम्मेदारी तय कर नियमानुसार अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।















