भोपाल, 03 सितंबर।
मध्य प्रदेश में सड़क संपर्क को मजबूत और व्यापक बनाने के लिए एक साथ कई बड़ी परियोजनाओं पर काम की तैयारी चल रही है। लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में ग्रीनफील्ड कॉरिडोर, फोरलेन मार्ग और रिंग रोड के जरिए प्रदेश के प्रमुख शहरों को देश के बड़े आर्थिक, औद्योगिक और धार्मिक केंद्रों से जोड़ा जा रहा है।
इन परियोजनाओं का उद्देश्य केवल आवागमन को सुगम बनाना नहीं है, बल्कि व्यापार, उद्योग, निवेश और रोजगार के नए अवसरों को भी गति देना है। वाराणसी-विशाखापट्टनम कॉरिडोर के पहले चरण में वाराणसी से नागपुर तक बेहतर सड़क संपर्क विकसित करने की तैयारी शुरू हो गई है।
इसके तहत मध्य प्रदेश में जबलपुर-रीवा से उत्तर प्रदेश सीमा तक और दक्षिण दिशा में नागपुर तक मार्ग विकसित किया जाएगा। इससे महाकौशल और विंध्य क्षेत्र सहित प्रदेश के बड़े हिस्से को उत्तर प्रदेश तथा महाराष्ट्र की दिशा में मजबूत सड़क संपर्क मिलेगा।
प्रस्तावित अशोकनगर-सागर-जबलपुर-नागपुर फोरलेन मार्ग और सागर-कोटा ग्रीनफील्ड कॉरिडोर से राजस्थान तथा गुजरात की ओर कनेक्टिविटी बेहतर होगी। सागर-कोटा कॉरिडोर को भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण की कार्ययोजना में शामिल किया गया है।
प्रदेश के प्रमुख आर्थिक केंद्रों को जोड़ने के लिए जबलपुर-भोपाल-इंदौर ग्रीनफील्ड कॉरिडोर की योजना भी अहम है। जबलपुर से भोपाल तक का मार्ग मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम और भोपाल से इंदौर तक का मार्ग भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा विकसित किया जाना प्रस्तावित है। इसके पूरा होने पर तीनों प्रमुख शहर तेज और मजबूत सड़क नेटवर्क से जुड़ेंगे तथा इंदौर-उज्जैन के माध्यम से दिल्ली-मुंबई औद्योगिक कॉरिडोर तक बेहतर संपर्क मिलेगा।
खंडवा के आशापुर से नर्मदापुरम, जबलपुर और रीवा-सतना तक प्रस्तावित कॉरिडोर की तैयारी भी की जा रही है। यह मार्ग पश्चिमी मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र की दिशा में सड़क संपर्क को और मजबूत करेगा।
राकेश सिंह ने कहा कि इन योजनाओं को अलग-अलग सड़क परियोजनाओं के रूप में नहीं, बल्कि प्रदेश के समग्र संपर्क तंत्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। रिंग रोड और विभिन्न दिशाओं को जोड़ने वाले कॉरिडोर भविष्य में लॉजिस्टिक पार्क, वेयरहाउसिंग, कोल्ड स्टोरेज, परिवहन टर्मिनल, कृषि-प्रसंस्करण केंद्र और औद्योगिक क्लस्टर के विकास का आधार बन सकते हैं।
उन्होंने कहा कि बेहतर सड़कें यात्रा आसान करने के साथ उद्योग, व्यापार, निवेश और रोजगार के रास्ते भी खोलती हैं। राष्ट्रीय सड़क नेटवर्क से प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों को जोड़ने की यह योजना अर्थव्यवस्था को गति देने और विकसित मध्य प्रदेश के लक्ष्य को मजबूत करने में महत्वपूर्ण होगी।
लोक निर्माण विभाग के अंतर्गत मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम भी कई महत्वपूर्ण सड़क परियोजनाओं का निर्माण करेगा। इससे सड़क अधोसंरचना विकसित करने की संस्थागत क्षमता बढ़ेगी और राष्ट्रीय राजमार्गों के साथ राज्य की अपनी संपर्क परियोजनाओं को भी तेजी मिलेगी।















