सीहोर, 04 सितम्बर।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुरुवार को सीहोर के बड़ियाखेड़ी औद्योगिक क्षेत्र में देश की सबसे बड़ी ट्रांसफॉर्मर निर्माण इकाई सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस लिमिटेड के पहले पावर ट्रांसफॉर्मर के रोलआउट का शुभारंभ किया। कंपनी की इस इकाई में प्रतिदिन 1200 केवी तक क्षमता वाले ट्रांसफॉर्मर का निर्माण किया जाएगा। इससे 2000 लोगों को रोजगार के अवसर मिलने की संभावना है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जिस रफ्तार से देश विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है, उसी गति से मध्य प्रदेश भी प्रगति कर रहा है। प्रदेश निवेशकों की पसंद बनता जा रहा है और यहां बड़े औद्योगिक संस्थान स्थापित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि उद्योगों की स्थापना से विकास को गति मिलने के साथ रोजगार के अवसर बढ़ते हैं। नए उद्योगों के कारण स्थानीय युवाओं को रोजगार मिलने के साथ व्यापार और आर्थिक गतिविधियों का भी विस्तार होता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि औद्योगिक निवेश में वृद्धि से प्रदेश की अर्थव्यवस्था मजबूत होती है और सरकार को विकास तथा जनकल्याण के लिए अधिक संसाधन उपलब्ध होते हैं। सरकार का प्रयास है कि प्रदेश में अधिक से अधिक निवेश आए और उसका लाभ उद्योग, रोजगार और समग्र विकास के रूप में प्रदेशवासियों तक पहुंचे।
उन्होंने कहा कि यह बताते हुए खुशी हो रही है कि अमेरिका की जीडीपी वृद्धि दर लगभग 2 प्रतिशत और चीन की करीब 4 प्रतिशत है, वहीं भारत की ग्रोथ रेट 7.8 प्रतिशत है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने विकास की गति को नई ऊंचाई दी है। देश की तेज आर्थिक प्रगति ने दुनिया का ध्यान आकर्षित किया है और भारत वैश्विक स्तर पर तेजी से उभरती अर्थव्यवस्था के रूप में अपनी मजबूत पहचान बना रहा है।
डॉ. यादव ने कहा कि पैशन, पोटेंशियल, पॉलिसी, परफॉर्मेंस और प्रोडक्शन मध्य प्रदेश की औद्योगिक पहचान बन चुके हैं। प्रदेश सरकार उद्योग लगाने वाले निवेशकों को हर संभव सहयोग देने के लिए तैयार है। राज्य में निवेश के लिए अनुकूल माहौल बनाया गया है, जिससे औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के साथ रोजगार के नए अवसर भी तैयार हो रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने सीहोर में देश की सबसे बड़ी ट्रांसफॉर्मर निर्माण इकाई के शुभारंभ को ऐतिहासिक अवसर बताया। उन्होंने कहा कि देश के ऊर्जा और औद्योगिक इकोसिस्टम को ट्रांसफॉर्म करने में इस उद्योग की अहम भूमिका रहेगी। अब ‘डाई से लेकर ट्रांसफॉर्मर तक का निर्माण सीहोर में’ होने लगा है, जो जिले में बढ़ते औद्योगिक विकास को दर्शाता है।
उन्होंने सीजी पावर की सराहना करते हुए कहा कि कंपनी ने नौ दशकों के दौरान उद्योग जगत में अपनी विशेष पहचान बनाई है। पिछले वर्ष अगस्त में भूमि पूजन के बाद महज 13 माह में ट्रांसफॉर्मर का निर्माण शुरू होना बड़ी उपलब्धि है। कंपनी द्वारा प्रतिदिन एक ट्रांसफॉर्मर बनाने की क्षमता विकसित करने की भी उन्होंने प्रशंसा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे सीहोर सहित पूरे प्रदेश के औद्योगिक विकास और रोजगार को नई गति मिलेगी। कार्यक्रम में कंपनी के चेयरमैन वेलियान सुबैया तथा सीईओ एवं एमडी अमर कौल ने सीजी पावर की गतिविधियों और इकाई के संबंध में विस्तार से जानकारी दी।
सीहोर श्योर है, निवेश सिक्योर और रिटर्न एश्योर : डॉ. यादव
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि “सीहोर श्योर है, यहां निवेश सिक्योर है और रिटर्न भी एश्योर है।” उन्होंने कहा कि सीहोर में निवेश के लिए अनुकूल वातावरण, बेहतर कनेक्टिविटी और पर्याप्त संभावनाएं मौजूद हैं। सरकार की उद्योग हितैषी नीतियों के कारण जिले में नए निवेश को प्रोत्साहन मिल रहा है। सीहोर में होने वाला निवेश उद्योगों को गति देने के साथ स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करेगा और जिले तथा प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाएगा।
उन्होंने कहा कि जिन क्षेत्रों में निवेश हो रहा है, वहां युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी तैयार हो रहे हैं। प्रदेश सरकार औद्योगिक विकास के साथ स्थानीय युवाओं को रोजगार और कौशल विकास के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने पर भी जोर दे रही है। नए उद्योगों की स्थापना से क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियां मजबूत होंगी और युवाओं को अपने ही क्षेत्र में रोजगार मिल सकेगा। सरकार निवेशकों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराकर प्रदेश को उद्योग और रोजगार के क्षेत्र में अग्रणी बनाने के लिए लगातार काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सीहोर भोपाल मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा है। राजधानी भोपाल के साथ सीहोर की कनेक्टिविटी और विकास को और गति दी जा रही है। मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र में शामिल होने से सीहोर में औद्योगिक, व्यावसायिक और रोजगार के अवसरों का विस्तार होगा। बेहतर सड़क, परिवहन और अन्य आधारभूत सुविधाओं के विकास से सीहोर का भोपाल के साथ समन्वित विकास होगा तथा आने वाले समय में यह क्षेत्र आर्थिक गतिविधियों के प्रमुख केंद्र के रूप में उभर सकता है।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बड़ियाखेड़ी औद्योगिक क्षेत्र स्थित सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस लिमिटेड की ट्रांसफॉर्मर निर्माण इकाई का निरीक्षण भी किया। उन्होंने ट्रांसफॉर्मर बनाने की प्रक्रिया, आधुनिक तकनीक और उत्पादन क्षमता की जानकारी ली। कंपनी अधिकारियों से उद्योग के संचालन और विस्तार से जुड़ी जानकारी लेते हुए उन्होंने प्रदेश में बड़े औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने तथा स्थानीय स्तर पर रोजगार के अधिक अवसर तैयार करने पर जोर दिया।
888 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हुई इकाई
सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस लिमिटेड का यह संयंत्र 50 एकड़ क्षेत्र में स्थापित किया गया है। 888 करोड़ रुपये की लागत से तैयार यह भारत की सबसे बड़ी पावर ट्रांसफॉर्मर निर्माण इकाई है। यहां 220 केवी से 1200 केवी श्रेणी तक के उच्च क्षमता वाले पावर ट्रांसफॉर्मर तैयार किए जाएंगे। संयंत्र की प्रतिमाह 35 पावर ट्रांसफॉर्मर बनाने की क्षमता है। कंपनी की इस इकाई से 2000 से अधिक लोगों को रोजगार मिलने की बात कही गई है। इससे भारत की विद्युत संचरण अवसंरचना को मजबूती मिलने की उम्मीद है।















