ईटानगर, 9 सितंबर।
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने बुधवार को अरुणाचल प्रदेश विधानसभा के सातवें विशेष सत्र के दूसरे दिन सदन को संबोधित किया। उन्होंने राज्य को भारत का ‘संरक्षक’ बताते हुए कहा कि अंतरराष्ट्रीय सीमा से लगा अरुणाचल प्रदेश देश की सुरक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने राष्ट्र के विकास सहित विभिन्न क्षेत्रों में राज्य के लोगों के योगदान की सराहना की।
उपराष्ट्रपति ने अरुणाचल प्रदेश की प्राकृतिक सुंदरता और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की भी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि बीते कुछ वर्षों में राज्य ने सड़क और हवाई संपर्क के साथ कृषि तथा बागवानी के क्षेत्र में भी तेजी से प्रगति की है।
राधाकृष्णन ने राज्य में बड़े पैमाने पर हो रहे कीवी उत्पादन की विशेष रूप से सराहना की। उन्होंने अरुणाचल प्रदेश को ‘भारत की कीवी राजधानी’ बताया। उनके अनुसार राज्य ने कृषि और बागवानी के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई है।
इससे पहले विधानसभा अध्यक्ष टेसम पोंगटे ने सदन में उपराष्ट्रपति का स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) के.टी. परनायक, मुख्यमंत्री पेमा खांडू और विधानसभा के सभी सदस्य मौजूद रहे।
दौरे के दौरान उपराष्ट्रपति ने विधानसभा संग्रहालय और फोटो गैलरी का अवलोकन किया। इसके बाद उन्होंने ईटानगर के न्यादार नामलो यानी प्रार्थना हॉल, जवाहरलाल नेहरू राज्य संग्रहालय और सुनने एवं देखने में अक्षम लोगों के लिए संचालित डोनी पोलो मिशन स्कूल का दौरा किया।
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन मंगलवार को मणिपुर से अरुणाचल प्रदेश पहुंचे थे। अपने दौरे के दौरान उन्होंने राज्य की सुरक्षा, विकास, प्राकृतिक विरासत और कृषि क्षेत्र में हुई प्रगति का उल्लेख किया।















