आइची-नगोया, 24 सितंबर।
एशियाई खेल 2026 के महासमर में भारतीय खिलाड़ियों का शानदार अभियान लगातार जारी है, जहां स्क्वैश कोर्ट से लेकर रोइंग और वुशु के मैदान तक देश के एथलीटों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है। स्क्वैश की मिश्रित युगल स्पर्धा में अनुभवी जोशना चिनप्पा और वेलावन सेंथिलकुमार की जोड़ी ने अपने ही देश के सूरज चंद और शमीना रियाज की जोड़ी को सीधे सेटों में 2-0 से शिकस्त देकर क्वार्टर फाइनल में प्रवेश कर लिया है। बेहद रोमांचक रहे इस मुकाबले में विजेता जोड़ी ने पहला गेम 11-7 से और दूसरा गेम कड़े संघर्ष के बाद 11-10 से अपने नाम किया।
वुशु के मैदान पर भारत की स्टार खिलाड़ी रोशिबिना देवी ने महिलाओं की 60 किलोग्राम सांडा स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक पर कब्जा जमाया। खिताबी मुकाबले में उन्हें चीन की मजबूत खिलाड़ी झांग शियाओयू के हाथों 0-2 से हार का सामना करना पड़ा। इस उपलब्धि के साथ ही रोशिबिना ने साल 2018 के कांस्य और 2022 के रजत के बाद 2026 में भी रजत पदक जीतकर एशियाई खेलों के वुशु इतिहास में लगातार तीन पदक अपने नाम करने वाली देश की पहली महिला एथलीट होने का गौरव हासिल कर लिया है।
रोइंग स्पर्धा के पुरुष डबल स्कल्स में सतनाम सिंह और सलमान खान की जोड़ी ने 6 मिनट 13.25 सेकंड का बेहतरीन समय निकालते हुए देश के लिए कांस्य पदक जीता। भारतीय जोड़ी शुरुआती 1500 मीटर तक दूसरे स्थान पर मजबूती से काबिज थी, लेकिन अंतिम क्षणों में वे चीन के स्वर्ण विजेता यी शुदी और नी यिदे तथा रजत जीतने वाले उज्बेकिस्तान के मेखरोजबेक मामातकुलोव और पावेल सोरिन के बाद तीसरे स्थान पर रहे। हालांकि, पुरुष सिंगल स्कल्स के फाइनल में उतरे बलराज पंवार को मामूली अंतर से पदक से महरूम रहना पड़ा और वे 6 मिनट 54.80 सेकंड का समय निकालकर चौथे स्थान पर संतोष करने को मजबूर हुए।
इन तमाम शानदार पदकों के जुड़ने के साथ ही एशियाई खेलों में भारत के कुल पदकों का आंकड़ा बढ़कर 14 पर पहुंच गया है, जिसमें अब 1 स्वर्ण, 6 रजत और 7 कांस्य पदक शामिल हैं।













