दुबई, 03 अक्टूबर।
संयुक्त अरब अमीरात के फ्लाईदुबई विमान एफजेड1073 में हुई सनसनीखेज घटना को लेकर यूएई के अटॉर्नी जनरल डॉ. हमद अल शम्सी ने बड़ा खुलासा करते हुए बताया है कि इसके पीछे आतंकी हमले की साजिश होने की आशंका है, क्योंकि उड़ान के दौरान को-पायलट ने कॉकपिट के भीतर क्रैश एक्स से कैप्टन पर जानलेवा हमला कर विमान का नियंत्रण अपने हाथ में लेने का कुत्सित प्रयास किया था। विदेश मंत्रालय के मुताबिक इस मामले की तह तक जाने के लिए जनरल सिविल एविएशन अथॉरिटी और अन्य संबंधित एजेंसियों को जांच के आदेश दे दिए गए हैं, जिसमें यह पता लगाया जा रहा है कि आरोपी ओमान का नागरिक था और क्या उसके पास से मिले फिलिस्तीनी पर्चों या किसी आतंकी संगठन से इसके तार जुड़े हुए थे।
इजराइल की खुफिया एजेंसी मोसाद के पूर्व प्रमुख रामी इग्रा ने इस पूरी घटना को धार्मिक युद्ध का कृत्य करार देते हुए भारतीय कैप्टन के अदम्य साहस और सूझबूझ की जमकर सराहना की है, जिनकी व यात्रियों की तत्परता से विमान को एक बड़े हादसे से बचा लिया गया और सऊदी अरब के तबुक एयरपोर्ट पर सुरक्षित उतार लिया गया। हालांकि आधिकारिक जांच अभी जारी है और डिजिटल साक्ष्यों व भौतिक सबूतों के तकनीकी विश्लेषण के बाद ही इस ‘लोन वुल्फ’ हमले के वास्तविक कारणों और साजिश के हर पहलू से पर्दा उठ सकेगा।














