काठमांडू, 03 अक्टूबर।
नेपाल में अब चातुर्मास, पर्व-त्योहारों या फिर किसी भी आपात स्थिति के समय यात्रियों से मनमाना और तय सीमा से अधिक हवाई किराया वसूलने वाली एयरलाइंस कंपनियों पर कानूनी शिकंजा कसने की पूरी तैयारी हो चुकी है। संघीय संसद के समक्ष लाए गए नेपाल नागरिक उड्डयन प्राधिकरण से संबंधित नए संशोधन विधेयक में ऐसे नियमों का प्रावधान किया गया है, जिसके तहत दोषी विमानन कंपनियों पर अधिकतम 15 लाख नेपाली रुपये तक का भारी-भरकम जुर्माना लगाया जा सकेगा।
प्रस्तावित विधेयक के मुताबिक, प्राधिकरण द्वारा निर्धारित दरों से ज्यादा पैसे ऐंठना एक गंभीर श्रेणी का अपराध घोषित किया जाएगा और महानिदेशक के पास यह अधिकार होगा कि वह नियमों का उल्लंघन करने वालों से 5 लाख से 15 लाख रुपये तक का जुर्माना वसूल सकें। इस सख्त कानून के प्रभाव में आने से प्राकृतिक आपदाओं, खराब मौसम या त्योहारों के सीजन में यात्रियों को अत्यधिक महंगे किराए से राहत मिलने के साथ-साथ टिकटों की हो रही कालाबाजारी पर भी प्रभावी रोक लगने की पूरी उम्मीद है।














