नई दिल्ली, 10 जून।
केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को भारतीय लोकतंत्र की यात्रा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानते हुए एक प्रस्ताव पारित किया, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना की गई और उनके कार्यकाल को ऐतिहासिक बताया गया।
प्रस्ताव में कहा गया कि चुने हुए प्रधानमंत्री के रूप में लगातार 4,399 दिनों की सेवा के साथ उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है, जिन्होंने 1952 से 1964 तक लगातार 4,398 दिनों तक कार्य किया था।
मंत्रिमंडल ने इस उपलब्धि को भारत की लोकतांत्रिक चेतना, जनता के विश्वास और जनभागीदारी का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना से प्रेरित नेतृत्व के प्रति जनता के समर्थन को दर्शाता है।
प्रस्ताव में यह भी उल्लेख किया गया कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में गरीब कल्याण को शासन के केंद्र में रखा गया है, जिसके तहत बड़े पैमाने पर योजनाओं के माध्यम से नागरिकों को लाभ पहुंचाया गया है।
दस्तावेज में दावा किया गया कि विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं और सुविधाओं के परिणामस्वरूप देश के 25 करोड़ से अधिक लोग गरीबी से बाहर निकलने में सफल हुए हैं, जिससे राष्ट्रीय आत्मविश्वास में वृद्धि हुई है।
साथ ही, प्रस्ताव में प्रधानमंत्री के नेतृत्व में युवा, महिला और किसान सशक्तिकरण से जुड़ी नीतियों का भी उल्लेख किया गया, जिनमें स्टार्टअप इकोसिस्टम का विस्तार, विज्ञान एवं अंतरिक्ष क्षेत्र में उपलब्धियां, महिला आरक्षण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने वाली योजनाएं शामिल हैं।
मंत्रिमंडल ने अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण, जीएसटी लागू करने, रक्षा सुधार, नागरिकता कानून, लेबर कोड और अन्य प्रमुख नीतिगत निर्णयों को भी निर्णायक सुधार के रूप में रेखांकित किया।
राष्ट्रीय सुरक्षा के संदर्भ में प्रस्ताव में आतंकवाद के खिलाफ कड़े कदमों और आंतरिक सुरक्षा में सुधार का उल्लेख किया गया, साथ ही पूर्वोत्तर में शांति समझौतों और क्षेत्रीय स्थिरता की दिशा में हुई प्रगति की सराहना की गई।
इसके अलावा ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियानों के तहत विनिर्माण क्षेत्र में प्रगति, जी-20 अध्यक्षता के दौरान भारत की वैश्विक भूमिका, अंतरराष्ट्रीय योग दिवस और अन्य वैश्विक पहलों का भी उल्लेख किया गया।
मंत्रिमंडल ने अंत में प्रधानमंत्री को बधाई देते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में भारत ने पिछले 12 वर्षों में राजनीतिक स्थिरता, आर्थिक वृद्धि और वैश्विक पहचान के नए आयाम स्थापित किए हैं।
















