भोपाल, 10 जून।
एक्ट्रेस और मॉडल ट्विशा शर्मा की संदिग्ध मौत मामले में सीबीआई की जांच ने अब रफ्तार पकड़ ली है। दिल्ली एम्स द्वारा तैयार की गई दूसरी पोस्टमार्टम रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में जांच एजेंसी को सौंप दी गई है। अधिवक्ता अंकुर पांडेय ने पुष्टि की है कि विशेषज्ञों की यह रिपोर्ट सीबीआई को मिल चुकी है, जिसका गहन अध्ययन किया जा रहा है।
जांच एजेंसी का अब पूरा ध्यान गर्भधारण, गर्भपात और मौत के बीच के घटनाक्रम को सुलझाने पर है। सीबीआई पारिवारिक परिस्थितियों के अलावा फोन रिकॉर्ड और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का बारीकी से विश्लेषण कर रही है। दोनों पक्षों के दावों में विरोधाभास के चलते हर पहलू को परखा जा रहा है।
दूसरी ओर, क्राइम सीन री-क्रिएशन के दौरान मिले तकनीकी साक्ष्यों और डमी टेस्ट की रिपोर्ट का मूल्यांकन भी तेज हो गया है। एम्स की रिपोर्ट का मिलान डमी टेस्ट के निष्कर्षों से किया जा रहा है ताकि यह साफ हो सके कि मामला आत्महत्या का है या किसी गहरी साजिश का।
प्रारंभिक जांच में सामने आई लापरवाही पर भी गाज गिर सकती है। कटारा हिल्स थाने के तत्कालीन सब-इंस्पेक्टर दिनेश शर्मा पर लिगेचर बेल्ट भेजने में दो दिन की देरी का गंभीर आरोप है, जिसके चलते उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की संभावना है।
सीबीआई की विशेष टीम ट्विशा के मोबाइल और लैपटॉप से डिलीट किए गए डेटा को रिकवर करने में जुटी है। चैट और वीडियो से अहम कड़ियां मिलने की उम्मीद है। मामले में आरोपी सास गिरिबाला सिंह और पति समर्थ सिंह अभी न्यायिक हिरासत में हैं। नई रिपोर्ट के आधार पर सीबीआई उनसे दोबारा पूछताछ कर सकती है।










