पटना, 15 जून।
पटना स्थित ज्ञानबिंदु कोचिंग के संचालक रौशन आनंद को बड़ी राहत मिली है। पटना सिविल कोर्ट की एडीजे-33 अदालत ने सुनवाई के बाद उनकी जमानत याचिका को मंजूर कर लिया है। इससे पहले निचली अदालत से जमानत याचिका खारिज होने के कारण उन्हें जिला अदालत का रुख करना पड़ा था।
मामला तब शुरू हुआ था जब खान ग्लोबल स्टडीज कोचिंग संस्थान में तोड़फोड़ और पथराव की घटना हुई थी। इस मामले में कन्हैया कुमार की शिकायत पर रौशन आनंद और उनके भाई प्रिंस यादव समेत तीन लोगों को जेल भेजा गया था।
गिरफ्तारी के बाद पटना की बेऊर जेल में बंद रौशन आनंद की रिहाई के लिए छात्रों ने कई बार प्रदर्शन किए और कैंडल मार्च निकाला था। छात्रों का आरोप था कि मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
इस पूरे विवाद में नया मोड़ तब आया जब मुख्य आरोपी और रौशन के भाई प्रिंस यादव की नेपाल में संदिग्ध मौत हो गई। प्रिंस घटना के बाद से ही फरार चल रहे थे और पुलिस उनकी तलाश में जुटी थी।
अब कोर्ट के आदेश से रौशन आनंद को जमानत मिल गई है। इस घटनाक्रम को लेकर लंबे समय से पटना के शैक्षिक गलियारों में चर्चाओं का दौर जारी था और अब अदालत के फैसले से इस मामले में एक नया मोड़ आया है।













