जेवर, 15 जून।
उत्तर प्रदेश के गौतमबुद्ध नगर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से विमान सेवाओं का औपचारिक आगाज हो गया है। केंद्रीय उड्डयन मंत्री के. राम मोहन नायडू ने पहली उड़ान को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस ऐतिहासिक मौके पर एयरपोर्ट के लिए अपनी जमीन समर्पित करने वाले किसान पहली फ्लाइट से लखनऊ पहुंचे, जहां वे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करेंगे।
मंत्री नायडू ने इसे प्रधानमंत्री के दूरदर्शी विजन का साकार रूप बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और स्थानीय प्रशासन ने इसे एक मिशन की तरह पूरा किया है। इस दौरान उन्होंने जेवर विधायक धीरेंद्र सिंह के प्रयासों की सराहना की, जिन्होंने किसानों को विकास के इस बड़े प्रोजेक्ट के लिए प्रेरित किया।
यह एयरपोर्ट आने वाले समय में एशिया का सबसे बड़ा एयरपोर्ट बनने की राह पर है। फिलहाल 4 गंतव्यों से शुरू हुई यह सेवा जल्द ही 12 शहरों तक विस्तारित होगी। शुरुआती तौर पर इसकी क्षमता 1.2 करोड़ यात्रियों की है, जिसे चौथे चरण तक 7 करोड़ तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है।
इस प्रोजेक्ट से क्षेत्र में रोजगार की असीम संभावनाएं खुलेंगी। कृषि, मैन्युफैक्चरिंग और हॉस्पिटैलिटी जैसे कई उद्योग इस हब पर निर्भर रहेंगे। यह एयरपोर्ट न केवल पश्चिम उत्तर प्रदेश बल्कि हरियाणा के यात्रियों के लिए भी एक बड़ा केंद्र साबित होगा।
कनेक्टिविटी को और बेहतर बनाने के लिए इसे भविष्य में हाई स्पीड रेल से भी जोड़ने की योजना है। साथ ही कई प्रमुख राजमार्गों के सीधे जुड़ाव से यात्रियों को आवागमन में विशेष सुविधा मिलेगी। एयरलाइंस द्वारा फ्लाइट रद्द करने की स्थिति में यात्रियों के हितों की पूरी सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी।













