रतलाम, 17 जून।
मध्य प्रदेश के रतलाम जिले के सैलाना थाना क्षेत्र के अंतर्गत मंगलवार देर रात गौवंश के कटे हुए अवशेष मिलने की खबर से समूचे इलाके में भारी तनाव और हड़कंप फैल गया। इस सनसनीखेज घटना की भनक लगते ही बड़ी संख्या में बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के पदाधिकारी व कार्यकर्ता तत्काल घटना स्थल पर जमा हो गए। आक्रोशित हिंदू संगठनों ने स्थानीय पुलिस व प्रशासन को सूचित कर मामले की उच्च स्तरीय निष्पक्ष जांच करने तथा इस घिनौनी वारदात को अंजाम देने वाले समाजकंटकों की अविलंब गिरफ्तारी की पुरजोर मांग की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रतलाम-बांसवाड़ा मुख्य मार्ग पर स्थित चरण पेट्रोल पंप के समीप, नर्सिंग कॉलेज से थोड़ा आगे सड़क के किनारे पथरीले और झाड़ियों वाले इलाके में मंगलवार देर रात करीब 12:00 बजे गौवंश का सिर समेत शरीर के अन्य हिस्सों के टुकड़े बिखरे हुए पाए गए। जैसे ही इसकी भनक लगी, प्रशासनिक अमले में खलबली मच गई। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए अनुविभागीय अधिकारी (एसडीएम) तरुण जैन, तहसीलदार कुलभूषण शर्मा, एसडीओपी नीलम बघेल और थाना प्रभारी पिंकी आकाश भारी पुलिस बल के साथ आधी रात को ही मौके पर पहुंच गए। आला अधिकारियों ने स्थिति पर नियंत्रण पाते हुए घटना स्थल का बारीक मुआयना किया और वहां मौजूद संगठन पदाधिकारियों व स्थानीय प्रबुद्ध जनों से संवाद स्थापित कर क्षेत्र में शांति व कानून-व्यवस्था बनाए रखने की पुरजोर अपील की।
पुलिस की फॉरेंसिक और खोजी टीम ने घटनास्थल से तमाम जरूरी साक्ष्य और सबूत एकत्र कर वैधानिक जांच शुरू कर दी है। पुलिस प्रशासन द्वारा मामले से जुड़े हर छोटे-बड़े पहलू और रंजिश के कोणों की गहनता से पड़ताल की जा रही है। साथ ही, मुख्य मार्ग के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने के साथ-साथ संभावित संदिग्धों की धरपकड़ के लिए दबिश दी जा रही है।
आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर रातभर धरने पर बैठे रहे कार्यकर्ता:
इस घिनौनी वारदात के विरोध में आक्रोशित बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद के सैकड़ों कार्यकर्ता रात में ही मुख्य सड़क पर धरने पर बैठ गए और चक्काजाम जैसी स्थिति बन गई। कार्यकर्ताओं ने हाथों में तख्तियां लेकर दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी के नारे लगाए और प्रशासन को एक सख्त ज्ञापन भी सौंपा। यह विरोध-प्रदर्शन और धरना बुधवार तड़के सुबह करीब 5:00 बजे तक अनवरत जारी रहा। बाद में प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा मामले की त्वरित व निष्पक्ष जांच कर आरोपियों पर कठोर दंडात्मक कार्रवाई का ठोस आश्वासन दिए जाने के बाद ही आंदोलनकारी सड़क से हटे और धरना समाप्त हुआ। हालांकि, संगठन के पदाधिकारियों ने दो टूक चेतावनी दी है कि यदि अगले दो दिनों के भीतर मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई, तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
प्रशासन ने की सोशल मीडिया पर अफवाहों से बचने की अपील:
सैलाना पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने संयुक्त बयान जारी कर बताया कि मामले की तफ्तीश बेहद गंभीरता और वैज्ञानिक ढंग से की जा रही है। जैसे ही ठोस तथ्य और सुराग हाथ लगेंगे, दोषियों के खिलाफ कानून के तहत रासुका सहित अन्य सख्त धाराओं में कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इसके साथ ही प्रशासन ने आम जनता से सोशल मीडिया पर किसी भी प्रकार की भ्रामक अफवाहों पर ध्यान न देने तथा आपसी भाईचारा व सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की विशेष अपील की है। वर्तमान में एहतियात के तौर पर प्रभावित क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है, स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और खुफिया तंत्र पूरे घटनाक्रम पर पैनी नजर रखे हुए है।










