नई दिल्ली, 18 जून।
पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत के मरदान स्थित एक गुरुद्वारे में सिख दंपति की गोली मारकर हत्या की घटना को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रिया तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए पाकिस्तान सरकार पर अल्पसंख्यकों की सुरक्षा में विफल रहने का आरोप लगाया है।
भाजपा महासचिव तरुण चुग ने इस घटना को “बर्बर और चिंताजनक” बताते हुए कहा कि यह पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों के प्रति उदासीन रवैये को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं वहां रह रहे सिख समुदाय सहित अन्य अल्पसंख्यकों में भय का माहौल पैदा कर रही हैं।
उन्होंने सवाल उठाया कि क्या अल्पसंख्यकों को निशाना बनाना राज्य प्रायोजित उदासीनता या आतंकवाद का हिस्सा है। साथ ही उन्होंने अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं से हस्तक्षेप कर पाकिस्तान सरकार को जवाबदेह ठहराने की मांग की।
तरुण चुग ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और खैबर पख्तूनख्वा प्रशासन से दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी की अपील की। उन्होंने कहा कि न केवल हमलावरों बल्कि साजिशकर्ताओं की भी पहचान कर उन्हें सख्त सजा दी जानी चाहिए, ताकि ऐसी घटनाओं पर रोक लग सके।
उल्लेखनीय है कि मरदान जिले के बाबू मोहल्ला, ख्वाजा गंज बाजार स्थित गुरुद्वारे में 70 वर्षीय जगन्नाथ और उनकी पत्नी आसमा वंती की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी। दोनों लंबे समय से गुरुद्वारे की देखरेख और सेवा कार्यों से जुड़े हुए थे।
घटना के बाद क्षेत्र में अल्पसंख्यक समुदाय की सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई जा रही है, जबकि भारत में भी इस मामले पर तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है।
















