नई दिल्ली, 20 जून।
विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर ने वैश्विक मंच पर भारत की स्थिति को लेकर एक महत्वपूर्ण बयान दिया है। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि आज के अशांत वैश्विक माहौल में भारत को अपने राष्ट्रीय हितों, रणनीतिक स्वायत्तता और बहुध्रुवीयता को बढ़ावा देना चाहिए। इसके साथ ही देश को विभिन्न भौगोलिक क्षेत्रों के साथ अपने संबंधों को और अधिक बेहतर बनाने की दिशा में निरंतर काम करना होगा।
बीती शाम राजधानी नई दिल्ली में आयोजित इंडिया-यूएस फोरम 2026 में अपने विचार साझा करते हुए विदेश मंत्री ने भारत और अमेरिका के बीच बढ़ते मजबूत रिश्तों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि दोनों देश आपसी मुद्दों और विभिन्न जटिलताओं को सुलझाते हुए कई क्षेत्रों में अपनी रणनीतिक साझेदारी को लगातार गहरा कर रहे हैं।
डॉ. जयशंकर ने आगे कहा कि जैसे-जैसे वैश्विक पटल पर भारत का उदय हो रहा है, वैसे-वैसे देश के हितों का दायरा भी लगातार विस्तृत और विविधतापूर्ण होता जा रहा है। बदलती वैश्विक परिस्थितियों के बीच भारत पूरी मजबूती के साथ आगे बढ़ रहा है।
















