ब्रुसेल्स, 2 अगस्त।
यूरोपीय संघ ने स्पेन के स्यूटा में पैदा हुए प्रवासन संकट पर चर्चा के लिए 5 अगस्त को आपात बैठक बुलाने का फैसला किया है। यह निर्णय स्पेन और कुछ सदस्य देशों के बीच मतभेद सामने आने के बाद लिया गया। 22 सदस्य देशों ने साझा रणनीति अपनाने और बाहरी सीमाओं की सुरक्षा को और मजबूत करने की मांग की है। मोरक्को से करीब 60 हजार प्रवासी स्पेन के स्यूटा क्षेत्र में पहुंचे थे।
स्पेन ने कुछ यूरोपीय देशों की प्रतिक्रिया को विभाजनकारी बताते हुए आपत्ति जताई। इटली ने स्पेन के साथ यूरोपीय संघ की शेंगेन व्यवस्था को निलंबित कर दिया, जिसे फिनलैंड और डेनमार्क का भी समर्थन मिला।
अधिकारियों के अनुसार, 30 जुलाई को स्यूटा पहुंचे लगभग सभी प्रवासी बाद में लौट चुके हैं। इस दौरान सीमा पार करने की कोशिशों के बीच कम से कम 67 लोगों की मौत भी हुई।
यूरोपीय संघ के देशों का कहना है कि अनियंत्रित प्रवासन से साझा प्रवासन नीति पर लोगों का भरोसा कमजोर हो सकता है। स्पेन के प्रधानमंत्री पेड्रो सांचेज़ ने कहा कि उनकी सरकार ने सीमा पर फिर से नियंत्रण स्थापित कर लिया है और मुख्य यूरोप में अनधिकृत आवाजाही को रोक दिया गया है।












