प्रदेश के सीमावर्ती जिले के एक बड़े साहब का दूसरे राज्य के एक राजनीतिक दल से जुड़े व्यापारी से कुछ मामलों में हुआ समझौता इन दिनों चर्चा का विषय बना हुआ है। मामला भले ही फिलहाल खुसुर-फुसुर तक सीमित हो, लेकिन जिले में कप्तान साहब के करीबी ही इसकी चर्चा करते नजर आ रहे हैं। अब सवाल यह है कि यह समझौता दोनों पक्षों के लिए राहत साबित होगा या आगे चलकर साहब के लिए ही भारी पड़ जाएगा।














