फ्लोरेंस, 03 अप्रैल 2026।
इटली के फ्लोरेंस स्थित उफीजी गैलरी ने पुष्टि की है कि वह हाल ही में एक साइबर हमले का शिकार हुई, हालांकि प्रबंधन ने स्पष्ट किया कि संग्रहालय की सुरक्षा व्यवस्था से किसी प्रकार की छेड़छाड़ नहीं हुई है। अधिकारियों के अनुसार, संग्रहालय में रखी गई प्रसिद्ध कलाकृतियां पूरी तरह सुरक्षित हैं और किसी प्रकार की क्षति या चोरी की घटना सामने नहीं आई है।
प्रबंधन ने यह भी बताया कि हैकर्स द्वारा संग्रहालय की सूचना प्रौद्योगिकी प्रणाली में सेंध लगाने की कोशिश की गई थी, जिससे कुछ संवेदनशील सुरक्षा संबंधित जानकारी तक पहुंच बनाई गई। हालांकि, गैलरी ने इस दावे को खारिज किया कि बाहरी माध्यम से उसके सुरक्षा तंत्र तक पहुंच संभव थी और कहा कि उसकी सुरक्षा प्रणाली पूरी तरह सुरक्षित और अलग-थलग है।
रिपोर्ट के अनुसार, हमलावरों ने जुड़े हुए कंप्यूटर सिस्टम और फोन के माध्यम से धीरे-धीरे संग्रहालय की कार्यप्रणाली की जानकारी जुटाने का प्रयास किया। इस प्रक्रिया में कथित तौर पर एक्सेस कोड, आंतरिक नक्शे और सीसीटीवी कैमरों व अलार्म की स्थिति जैसी सूचनाएं हासिल करने की बात कही गई।
बताया गया है कि बाद में संग्रहालय के निदेशक सिमोने वर्डे के निजी फोन पर फिरौती की मांग भेजी गई, जिसमें डेटा को डार्क वेब पर बेचने की धमकी दी गई थी। हालांकि, गैलरी प्रशासन ने इन दावों का पूरी तरह समर्थन नहीं किया और अपनी सुरक्षा प्रणाली को अभेद्य बताया।
उफीजी गैलरी इटली की प्रमुख कलात्मक धरोहरों का केंद्र है, जहां बोत्तिचेली की प्रसिद्ध कृतियां ‘बर्थ ऑफ वीनस’ और ‘प्रिमावेरा’ सहित कई ऐतिहासिक कलाकृतियां संरक्षित हैं। जानकारी के अनुसार, यह साइबर हमला जनवरी के अंतिम सप्ताह से फरवरी की शुरुआत के बीच हुआ था, जिसका असर उफीजी के अलावा पलाज्जो पिट्टी और बोबोली गार्डन जैसे अन्य परिसरों पर भी पड़ा।










