कानपुर देहात, 16 जुलाई।
जनपद के परिषदीय विद्यालयों में अब बाहरी व्यक्तियों का हस्तक्षेप पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। शिक्षा विभाग ने शिक्षण कार्य की गुणवत्ता और विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए कड़े निर्देश जारी किए हैं। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी आशीष कुमार पांडेय ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना किसी भी बाहरी व्यक्ति का स्कूल परिसर में प्रवेश दंडनीय अपराध माना जाएगा।
शिक्षा विभाग के इस आदेश के बाद अब सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को अपनी स्कूल की दीवारों और प्रमुख स्थानों पर इन नियमों का ब्योरा अंकित करवाना होगा। इसका उद्देश्य अभिभावकों और स्थानीय निवासियों को नए प्रोटोकॉल के प्रति जागरूक करना है। सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने कार्यक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले विद्यालयों में इस व्यवस्था का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करवाएं।
यदि कोई व्यक्ति नियमों का उल्लंघन करते हुए स्कूल में अनावश्यक हस्तक्षेप करता है, तो उसके विरुद्ध तत्काल विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। साथ ही, यदि विद्यालय स्तर पर इन निर्देशों के पालन में कोई लापरवाही पाई जाती है, तो संबंधित प्रधानाध्यापक और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। विभाग का मानना है कि इस पहल से स्कूलों में अनुशासित और शांतिपूर्ण शैक्षणिक वातावरण का निर्माण होगा।











