जयपुर, 22 जुलाई।
राजस्थान पुलिस की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) ने नशे के खिलाफ चलाए जा रहे 'ऑपरेशन मदार्कभ' के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए राजस्थान, मध्य प्रदेश और गुजरात में सक्रिय अफीम तस्करी नेटवर्क से जुड़े 25 हजार रुपये के इनामी तस्कर सुखलाल आंजना को गिरफ्तार किया है। आरोपी को चित्तौड़गढ़ में पीछा कर घेराबंदी के बाद उसकी थार गाड़ी सहित दबोचा गया।
एएनटीएफ के पुलिस महानिरीक्षक विकास कुमार ने बताया कि कार्रवाई पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा और अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक दिनेश एमएन के निर्देशन में की गई। आरोपी दौसा जिले के मेहंदीपुर बालाजी थाना में दर्ज एनडीपीएस एक्ट के मामले में लंबे समय से फरार था और उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित था।
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि मंदसौर निवासी 32 वर्षीय सुखलाल आंजना पहले खेती और शराब के कारोबार से जुड़ा था। आर्थिक नुकसान और बढ़ते कर्ज के बाद उसने अफीम तस्करी का रास्ता अपनाया। उसके पिता के नाम पर वैध अफीम खेती का पट्टा होने के कारण उसे अफीम उत्पादन और उसकी तस्करी के तरीकों की जानकारी थी।
पुलिस के अनुसार आरोपी अपने खेत की अफीम के अलावा आसपास के किसानों से भी अवैध अफीम एकत्र करता था और बसों के माध्यम से कूरियर के जरिए राजस्थान, मध्य प्रदेश और गुजरात के तस्करों तक पहुंचाता था। पुलिस की निगरानी से बचने के लिए वह सामान्य कॉल के बजाय केवल व्हाट्सएप कॉल का इस्तेमाल करता था।
सुखलाल के खिलाफ वर्ष 2025 में गुजरात के एटीएस गांधीनगर, राजस्थान के मेहंदीपुर बालाजी थाना तथा वर्ष 2026 में मध्य प्रदेश के नाहरगढ़ थाना में एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज हैं।
एएनटीएफ को सूचना मिली थी कि आरोपी काले रंग की थार से भीलवाड़ा में एक शादी समारोह में शामिल होकर चित्तौड़गढ़ के रास्ते अपने गांव लौट रहा है। सूचना के आधार पर टीम ने चित्तौड़गढ़-भीलवाड़ा राष्ट्रीय राजमार्ग पर निगरानी शुरू की। पुलिस को देखकर आरोपी ने रास्ता बदलकर भागने का प्रयास किया, लेकिन निंबाहेड़ा रोड स्थित ओछड़ी टोल नाके के पास घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया।










