लखनऊ, 23 जुलाई।
बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने नई दिल्ली में चल रहे कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के आंदोलन को लेकर सरकार और आंदोलनकारियों से जल्द शांतिपूर्ण समाधान निकालने की अपील की है। उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों को आपसी संवाद के जरिए सौहार्दपूर्ण रास्ता तलाशना चाहिए, ताकि आम जनजीवन प्रभावित न हो।
मायावती ने गुरुवार को सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर जारी अपने संदेश में कहा कि पेपर लीक सहित विभिन्न मुद्दों को लेकर सीजेपी का संसद के निकट जंतर-मंतर पर कई दिनों से प्रदर्शन जारी है। उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य से जुड़े इस आंदोलन के कारण सड़क से लेकर संसद तक गतिरोध की स्थिति बनी हुई है और अब यह मामला सरकार तथा आंदोलनकारियों के बीच सीधे टकराव का रूप ले चुका है।
उन्होंने बिना किसी दल का नाम लिए आरोप लगाया कि विभिन्न राजनीतिक दल अपने-अपने हितों के लिए इस आंदोलन का राजनीतिकरण कर रहे हैं। उनके अनुसार सड़क और संसद दोनों जगह टकराव तथा हिंसा की स्थिति पैदा करना उचित नहीं है और इससे देश के कई हिस्सों में सामान्य जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
बसपा प्रमुख ने कहा कि सरकार और आंदोलनकारी मिलकर जल्द से जल्द शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण समाधान निकालें। उनका कहना था कि संवाद के माध्यम से स्थिति सामान्य बनाना सभी पक्षों के हित में होगा।
मायावती ने यह भी कहा कि अखिल भारतीय और राज्य स्तरीय परीक्षाओं में पेपर लीक के मामले हों या मंदिरों में चढ़ावे की चोरी एवं गबन जैसी घटनाएं, ये सभी भ्रष्टाचार के विभिन्न स्तरों पर पनपने का परिणाम हैं। उन्होंने भ्रष्टाचार पर प्रभावी नियंत्रण की आवश्यकता पर भी बल दिया।











