श्रीनगर, 29 जुलाई।
जम्मू-कश्मीर में धार्मिक और ऐतिहासिक धरोहरों के संरक्षण की दिशा में सरकार ने एक अहम निर्णय लिया है। पुलवामा जिले के शादिमार्ग स्थित यारवान के खू साहिब झरने के विकास के लिए 6.38 करोड़ रुपये की परियोजना को स्वीकृति प्रदान की गई है।
इस परियोजना के तहत आवश्यक बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाया जाएगा। साथ ही श्रद्धालुओं और आगंतुकों को अधिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ इस स्थल के धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व को सुरक्षित रखने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा।
सरकार को उम्मीद है कि इस पहल से तीर्थयात्रियों का अनुभव अधिक बेहतर होगा। इसके साथ ही दक्षिण कश्मीर के प्रमुख आध्यात्मिक स्थलों में शामिल इस स्थान के संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी।
यह स्वीकृति जम्मू-कश्मीर की समृद्ध धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण के लिए सरकार की निरंतर प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इसी उद्देश्य से महत्वपूर्ण पूजा और तीर्थ स्थलों के पुनर्विकास तथा संरक्षण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
गौरतलब है कि इससे पहले सरकार ने शोपियां की ऐतिहासिक जामिया मस्जिद शरीफ और रामबन स्थित सर्वधर चौमांडा माता मंदिर के पुनरुद्धार एवं जीर्णोद्धार के लिए 16.36 करोड़ रुपये की दो प्रमुख विरासत संरक्षण परियोजनाओं को भी मंजूरी दी थी।















