Naidunia Live
• टॉप न्यूज़ • मध्य प्रदेश • विज्ञान व प्रौद्योगिकी • अपराध • शिक्षा • संपादकीय • धर्म / अध्यात्म • वीडियो स्टोरी • मौसम • त्योहार • प्रेरक कहानियाँ
• वीडियो • न्यूज़ आर्काइव

टॉप न्यूज़
29 Jul, 2026

मध्य प्रदेश में बाघों की संख्या 1000 पार होने का अनुमान: मुख्यमंत्री

अंतरराष्ट्रीय बाघ दिवस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि संरक्षण प्रयासों से प्रदेश में बाघों का कुनबा लगातार बढ़ रहा है और नई गणना में संख्या 1000 से अधिक पहुंच सकती है।

भोपाल, 29 जुलाई।

अंतरराष्ट्रीय बाघ दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश में बाघों की संख्या लगातार बढ़ रही है और आगामी गणना में यह आंकड़ा 1000 से अधिक पहुंचने का अनुमान है। उन्होंने कहा कि करीब 53 वर्ष पहले प्रदेश में बाघों की संख्या दहाई तक सीमित थी। वर्ष 2016 में यह संख्या लगभग 250 रही, जबकि वर्ष 2022 की गणना में प्रदेश में 785 बाघ दर्ज किए गए थे।

भोपाल स्थित कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय संस्कृति में प्रकृति और वन्यजीवों के प्रति सम्मान का भाव सदैव रहा है। उन्होंने कहा कि मां दुर्गा का वाहन बाघ शक्ति का प्रतीक है और प्रदेश में बाघ, चीता, घड़ियाल, हाथी तथा जंगली भैंसे सहित अन्य वन्यजीवों के संरक्षण के लिए निरंतर कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इसी प्रयास का परिणाम है कि मध्य प्रदेश को टाइगर स्टेट की पहचान मिली है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेश की समृद्ध जैव विविधता के संरक्षण का कार्य लगातार आगे बढ़ रहा है।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने वन्यजीव संरक्षण से जुड़ी प्रदर्शनी का उद्घाटन किया और संरक्षण गतिविधियों के लिए उपलब्ध कराए गए वाहनों का लोकार्पण भी किया। इस अवसर पर विद्यार्थियों ने बाघ संरक्षण विषय पर आधारित नृत्य-नाटिका प्रस्तुत की। मुख्यमंत्री ने विभागीय प्रकाशनों के अंतर्गत सतपुड़ा की तितलियों, कान्हा क्षेत्र की घास प्रजातियों, वन्यजीव रेस्क्यू, वन्यजीव संरक्षण की श्रेष्ठ कार्यप्रणालियों तथा पेंच टाइगर रिजर्व की जंगली मशरूम प्रजातियों पर आधारित पुस्तकों का विमोचन किया। साथ ही रातापानी टाइगर रिजर्व और वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व के लोगो का भी अनावरण किया।

मुख्यमंत्री ने सतपुड़ा टाइगर रिजर्व में बारहसिंघा के पुनर्वास और कान्हा टाइगर रिजर्व में टाइगर रिवाइल्डिंग पर आधारित वृत्तचित्रों के टीजर जारी किए। उन्होंने पद्मश्री सम्मानित राज्य वन्य प्राणी बोर्ड के सदस्यों डॉ. नारायण व्यास और मोहन नागर का सम्मान किया तथा वन्यजीव संरक्षण में उल्लेखनीय योगदान देने वाली वन सुरक्षा समितियों, ईको विकास समितियों, ग्राम वन समितियों और वनकर्मियों को पुरस्कार प्रदान किए।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने 'एक जन-एक पत्ती' अभियान में भी भागीदारी की। उन्होंने पत्ती के आकार की कच्ची सिरेमिक टाइल पर बाघ का चित्र उकेरा। इन टाइलों से वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व के हिनौती पर्यटन द्वार को सजाया जाएगा। मुख्यमंत्री को इस अवसर पर पेंच टाइगर रिजर्व के कलाकारों ने कढ़ाईदार शॉल भी भेंट की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में घड़ियाल संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं। उन्होंने बताया कि चंबल एशिया की सबसे स्वच्छ जल वाली नदियों में शामिल है और कूनो क्षेत्र की नदियों में भी घड़ियाल छोड़े गए हैं। उन्होंने कहा कि लगभग 100 वर्ष पहले प्रदेश से विलुप्त हो चुके जंगली भैंसे के पुनर्वास में भी सफलता मिली है।

उन्होंने कहा कि दो वर्ष पहले तक हाथियों की गतिविधियों से चिंता का वातावरण रहता था, लेकिन वन विभाग ने आधुनिक तकनीक और नवाचार के माध्यम से इस चुनौती पर प्रभावी नियंत्रण पाया है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रदेश में जल्द ही गैंडे भी लाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि वन विभाग ने अधिकारियों, कर्मचारियों, वन समितियों और स्थानीय ग्रामीणों की भागीदारी से वन्यजीव संरक्षण को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है।

प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) समिता राजौरा ने बताया कि वर्ष 2011 से प्रत्येक 29 जुलाई को अंतरराष्ट्रीय बाघ दिवस मनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में हर वर्ष लगभग 28 लाख वन्यजीव पर्यटक आते हैं, जिनमें करीब एक लाख विदेशी पर्यटक शामिल होते हैं। वर्तमान में प्रदेश के सभी नौ टाइगर रिजर्व में बाघ संरक्षण से संबंधित विभिन्न गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।

प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख शुभरंजन सेन ने कहा कि मध्य प्रदेश आज टाइगर स्टेट, चीता स्टेट और लैपर्ड स्टेट के रूप में अपनी अलग पहचान बना चुका है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में नए टाइगर रिजर्व और प्रदेश के एकमात्र कंजर्वेशन रिजर्व की स्थापना जैसे महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं, जिससे वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में प्रदेश की पहचान राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मजबूत हुई है।

|
आज का राशिफल

बुद्घि व धन का दुरूपयोग न करें। व्यापार में स्थिति नरम रहेगी। भ्रातृपक्ष में विरोध की संभावना है। आय-व्यय समान रहेगा। स्वास्थ्य ठीक रहेगा। व्यर्थ प्रपंच में समय न गंवाकर काम पर ध्यान दीजिए। मेल-मिलाप से काम बनाने की कोशिश सफल होगी। मान-सम्मान में वृद्घि होगी। शुभांक-2-5-7

आज का मौसम

भोपाल

25° / 28°

Scattered thunderstorms

ट्रेंडिंग न्यूज़